MHADA Mumbai Lottery 2027: मुंबई में घर खरीदने का सुनहरा मौका, 2,000 से 2,500 किफायती घरों की लॉटरी; जनवरी-फरवरी में हो सकती है घोषणा

महाराष्ट्र गृहनिर्माण व क्षेत्रविकास प्राधिकरण (MHADA) जनवरी या फरवरी 2027 में मुंबई के लिए अपनी अगली हाउसिंग लॉटरी शुरू करने की तैयारी कर रहा है. इसमें 2,000 से 2,500 किफायती घर आम जनता के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे.

(Photo Credits MHADA)

MHADA Mumbai Lottery 2027: मुंबई में अपना घर खरीदने का सपना देख रहे लोगों के लिए महाराष्ट्र गृहनिर्माण व क्षेत्रविकास प्राधिकरण (MHADA) जल्द ही एक बड़ा मौका लेकर आ रहा है. म्हाडा के उपाध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) संजीव जायसवाल के अनुसार, संस्था जनवरी या फरवरी 2027 में मुंबई मंडल के लिए अपनी अगली हाउसिंग लॉटरी की घोषणा कर सकती है. इस लॉटरी के तहत 2,000 से 2,500 किफायती मकानों को बिक्री के लिए उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है.

प्राधिकरण का उद्देश्य मुंबई के रियल एस्टेट बाजार में हर साल नियमित रूप से किफायती आवासों की पर्याप्त आपूर्ति बनाए रखना है, ताकि विभिन्न आय वर्गों के नागरिकों को राहत मिल सके.  यह भी पढ़े: MHADA Mumbai Lottery 2026: मुंबई में म्हाडा का 2,640 घरों की लॉटरी का शेड्यूल अगले हफ्ते होगा जारी, 75 हजार से ज्यादा आवेदकों का इंतजार खत्म होने की उम्मीद

लॉटरी की योजना और विस्तृत रूपरेखा

म्हाडा अधिकारियों के अनुसार, लॉटरी 2027 की अंतिम रूपरेखा पर अभी काम चल रहा है. इसमें घरों की कुल संख्या, उनके सटीक स्थान, मूल्य निर्धारण और श्रेणियों का निर्धारण किया जा रहा है.

संजीव जायसवाल ने स्पष्ट किया कि 2027 की लॉटरी का आकार 2026 के संस्करण जैसा ही रहेगा, जिसमें करीब 2,000 से 2,500 यूनिट्स शामिल की जाएंगी. लॉटरी का अंतिम स्टॉक 2026 की आवंटन प्रक्रिया के बाद शेष बची संपत्तियों और नई तैयार इकाइयों के आधार पर तय किया जाएगा.

क्लस्टर पुनर्विकास से मिलेंगे 30,000 नए मकान

मुंबई में किफायती मकानों का स्टॉक बढ़ाने के लिए म्हाडा 'क्लस्टर रीडेवलपमेंट' (Cluster Redevelopment) मॉडल पर तेजी से काम कर रहा है. वर्तमान में शहर के लगभग 925 से 1,000 एकड़ प्रमुख भूखंडों पर पुनर्विकास परियोजनाएं जारी हैं या मंजूरी के अंतिम चरण में हैं.

सीईओ के मुताबिक, इस मॉडल के तहत अगले सात वर्षों में:

प्रमुख परियोजनाओं में मोतीलाल नगर (गोरेगांव), अभ्युदय नगर (परेल), आदर्श नगर (वरली), बांद्रा रिक्लेमेशन, जीटीबी नगर (साइंस) और कामाठीपुरा जैसे क्षेत्र शामिल हैं.

क्या है क्लस्टर रीडेवलपमेंट मॉडल?

क्लस्टर पुनर्विकास प्रक्रिया के अंतर्गत पुरानी चालों, जर्जर इमारतों, झोपड़पट्टियों और वाणिज्यिक परिसरों को मिलाकर एक बड़े भूखंड के रूप में एकीकृत रूप से विकसित किया जाता है. इसमें आधुनिक बुनियादी ढांचे के साथ योजनाबद्ध टाउनशिप का निर्माण होता है, जिससे निवासियों को बेहतर जीवन स्तर प्राप्त होता है.

राज्य की नोडल एजेंसी के रूप में म्हाडा ने अपनी स्थापना (1977) से लेकर नवंबर 2025 तक पूरे महाराष्ट्र में 5.27 लाख से अधिक किफायती आवास इकाइयों का निर्माण किया है.

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