कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा: राहुल गांधी के रूख में कोई बदलाव नहीं
लोकसभा चुनाव में मिली हार के कारण अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने पर अड़े राहुल गांधी को मनाने के लिए दिल्ली और राजस्थान सहित कांग्रेस की कई प्रदेश इकाइयों ने उनसे अपने फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है....
लोकसभा चुनाव में मिली हार के कारण अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने पर अड़े राहुल गांधी को मनाने के लिए दिल्ली और राजस्थान सहित कांग्रेस की कई प्रदेश इकाइयों ने उनसे अपने फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है. हालांकि सूत्रों का कहना है कि गांधी के रूख में कोई बदलाव नहीं आया है.
दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष शीला दीक्षित और पार्टी के कई नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने उनसे अपना फैसला बदलकर पार्टी का नेतृत्व जारी रखने का आग्रह किया है. डीपीसीसी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने गांधी के आवास पर एकत्र होकर राहुल गांधी के पक्ष में नारेबाजी भी की.
दूसरी तरफ, राजस्थान, गोवा और हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस इकाइयों ने प्रस्ताव पारित कर आग्रह किया कि वह इस्तीफे की पेशकश वापस लें. वैसे, कांग्रेस नेताओं के एक धड़े के बीच यह चर्चा भी है कि अगर राहुल गांधी अध्यक्ष पद से इस्तीफे की पेशकश से पीछे नहीं हटते हैं तो अगले कुछ दिनों के भीतर कोई अंतरिम व्यवस्था हो सकती है, हालांकि पार्टी की पूरी कोशिश होगी कि गांधी अपने पद पर बने रहें.
सूत्रों के मुताबिक 25 मई को कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक में गांधी ने इस्तीफे की पेशकश करते हुए यह भी कहा था कि वह अध्यक्ष नहीं रहते हुए भी पार्टी के लिए सक्रियता से काम करते रहेंगे. ऐसे में यह चर्चा भी है कि अध्यक्ष पद से मुक्त होने की स्थिति में उन्हें लोकसभा में कांग्रेस के नेता की जिम्मेदारी भी दी जा सकती है. कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने इस बारे में पूछे जाने पर ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘जो चर्चा और अटकलें चल रही हैं, वो फिलहाल अफवाहें ही हैं. पूरी स्थिति स्पष्ट होने के लिए अगले कुछ दिनों तक का इंतजार करना चाहिए.’’ उधर, राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कार्यकारिणी की बैठक में राहुल गांधी के त्यागपत्र की पेशकश स्वीकार नहीं करने संबंधी एक प्रस्ताव पारित किया गया. बैठक में 25 मई को नई दिल्ली में कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक में पारित प्रस्ताव का समर्थन किया गया. कांग्रेस महासचिव और राजस्थान के प्रभारी अविनाश पांडे ने संवाददाताओं से कहा कि प्रदेश कार्यकारिणी की यह बैठक प्रदेश के समस्त कांग्रेसजनों की भावनाओं के अनुरूप सर्वसम्मति से केन्द्रीय कार्यकारिणी में पारित प्रस्ताव का अनुमोदन करती है और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के प्रति पूर्ण विश्वास व्यक्त करते हुए उनसे (राहुल गांधी से) अनुरोध करती है कि वह हमें अपना प्रभावी नेतृत्व प्रदान करते रहें.
दिल्ली में शीला दीक्षित कांग्रेस अध्यक्ष को मनाने के मकसद से उनके आवास भी गईं. हालांकि सूत्रों का कहना है कि उनकी मुलाकात राहुल गांधी से नहीं हो सकी क्योंकि कांग्रेस अध्यक्ष इन दिनों नेताओं से मुलाकात नहीं कर रहे हैं. शीला के करीबी एक विश्वस्त सूत्र ने बताया कि शीला ने गांधी के सहयोगी के. राजू से मुलाकात की और उनके माध्यम से कांग्रेस अध्यक्ष तक यह संदेश पहुंचाया कि उन्हें इस्तीफा नहीं देना चाहिए और अगर वह पद छोड़ते हैं तो पार्टी कार्यकर्ताओं को बहुत तकलीफ होगी.
डीपीसीसी के कार्यकारी अध्यक्ष राजेश लिलोठिया ने कहा, ''सभी कार्यकर्ता चाहते हैं कि राहुल अपने फैसले को वापस लें. वैसे उनका जो भी फैसला होगा, वह हमें स्वीकार होगा.''पूर्व मुक्केबाज और दक्षिणी दिल्ली लोकसभा सीट से कांग्रेस उम्मीदवार रहे विजेंद्र सिंह ने कहा, ''हम राहुल जी से यही आग्रह करने आएं हैं कि उन्होंने बहुत मेहनत की है और उन्हें अध्यक्ष पद पर बने रहना चाहिए."
(The above story first appeared on LatestLY on May 29, 2019 10:02 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

