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Covid-19 : सैनिकों को दिए जाने वाले मांस उत्पाद जांचती है भारतीय सेना

सैनिकों को दिए जाने वाले मांस उत्पाद जांचती है भारतीय सेना. कोरोनावायरस के बढ़ते प्रकोप के बीच रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि सैनिकों में कोरोनावायरस को फैलने से रोकने के लिए सभी मांस उत्पाद की जांच की जा रही है.

Covid-19 : सैनिकों को दिए जाने वाले मांस उत्पाद जांचती है भारतीय सेना
रक्षा मंत्रालय (Photo Credits: IANS)

नई दिल्ली: कोरोनावायरस (Covid-19) के बढ़ते प्रकोप के बीच रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि सैनिकों में कोरोनावायरस को फैलने से रोकने के लिए "सभी मांस उत्पाद की जांच की जा रही है." मंत्रालय ने कहा, "चूंकि यह वायरस जानवरों में भी फैल सकता है, लिहाजा सैनिकों को दिए जाने वाले मांस उत्पादों की अच्छी तरह जांच की जा रही है." मंत्रालय ने आगे कहा कि सैनिकों को इस वायरस से बचाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं. सुरक्षा बलों द्वारा फ्रोजन मीट इस्तेमाल किया जाता है. जब से कोरोनावायरस फैला है, तभी से सभी मांस उत्पादों को नियमित तौर पर जांचा जा रहा है. मंत्रालय ने आगे कहा कि इसके अलावा वह सुरक्षा बल, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के साथ लगातार संपर्क में है और सभी निर्देशों का सख्ती से पालन भी कर रहा है.

भारतीय सुरक्षा बलों ने अब तक 5000 लोगों के लिए संगरोध अड्डों की स्थापना कर ली है, जिसमें कोरोनावायरस के प्रभाव वाले संदिग्धों या कोरोनावायरस प्रभावित देशों से आने वाले लोगों को रखा जा रहा है. भारतीय थलसेना ने 4000 लोगों की क्षमता वाले संगरोध अड्डे बनाए हैं, वहीं भारतीय नौसेना और वायुसेना ने 1000 लोगों की क्षमता वाले संगरोध अड्डे तैयार किए हैं. भारतीय थलसेना मानेसर और जैसलमेर में क्रमश: 300 और 1000 लोगों की क्षमता वाली सुविधाएं संचालित कर रही है. यह भी पढ़ें: Coronavirus: भारत में बढ़ी कोरोना वायरस पीड़ितों की संख्या, अब तक 108 लोगों में हुई COVID-19 की पुष्टि

चूंकि कोरोनावायरस प्रभावित देशों से लोगों को एयरलिफ्ट किया जा रहा है, लिहाजा जोधपुर, जैसलमेर और झांसी में 1000 लोगों की क्षमता वाले नए ठिकाने बनाए जा रहे हैं. सेना पश्चिम बंगाल के बिन्नागुरी और बिहार के गया में भी 300-300 की क्षमता वाले संगरोध ठिकाने बना रही है.

शुक्रवार को ही ईरान से निकाले गए 44 भारतीय नागरिकों को भारतीय नौसेना के मुंबई के घाटकोपर में बने संगरोध ठिकाने पर लाया गया है. नौसेना ने कहा, "भारतीय नौसेना ने मुंबई में प्रीमियर हॉस्पिटल आईएनएचएस अश्विनी में कोविड-19 मरीजों का इलाज करने के लिए संगरोध सुविधा तैयार की है." यह भी पढ़ें: COVID-19: कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई के लिए रेलवे तैयार, मुंबई की लोकल ट्रेनों को संक्रमण मुक्त रखने के लिए उठाया यह कदम

भारतीय नौसेना के कोच्चि और विजग स्थित कमान मुख्यालयों में भी ऐसी सुविधाएं तैयार करने के लिए निर्देश दिए गए हैं. नौसेना के सभी अस्पतालों में बुखार के लिए अलग से क्लीनिक चल रहे हैं. भारतीय सेना के एक सूत्र ने बताया कि सभी भर्ती अभियानों को कम से कम एक महीने के लिए स्थगित कर दिया गया है और "सभी रैंकों को न डरने और सावधानी बरतने" के लिए कहा गया है.

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 15, 2020 04:15 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).