MP Shocker: बच्चे की मौत के बाद पोस्टमार्टम के लिए खटिया पर हॉस्पिटल ले जाना पड़ा शव, सतना जिले का सिस्टम की पोल खोलता वीडियो आया सामने; VIDEO
मध्य प्रदेश में आएं दिन बदहाल सड़कों के वीडियो सामने आते है. सीधी जिले से गर्भवती महिला के नदी पार करते हुए वीडियो सामने आते है. तो कभी स्कूल जाते बच्चों को सड़क नहीं होने की वजह से भी परेशानी उठानी पड़ती है.
सतना,मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश में आएं दिन बदहाल सड़कों के वीडियो सामने आते है. सीधी जिले से गर्भवती महिला के नदी पार करते हुए वीडियो सामने आते है. तो कभी स्कूल जाते बच्चों को सड़क नहीं होने की वजह से भी परेशानी उठानी पड़ती है. बावजूद इसके सरकार अपने दावों में विकास के गुणगान गाती है और सड़कों की तुलना फिल्म अभिनेत्रियों से की जाती है. ऐसा ही एक और शर्मनाक वीडियो मध्य प्रदेश के सतना जिले से सामने आया है. जहांपर एक आदिवासी बच्चे की कुएं में डूबने से मौत हो गई. इसके बाद जब शव को पोस्टमार्टम के लिए हॉस्पिटल ले जाने की नौबत आई तो गांव में सड़क ही नहीं थी. जिसके कारण ग्रामीणों ने बच्चे के शव को एक खाट पर सुलाया और उसे हॉस्पिटल ले जाया गया. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है और इस वीडियो ने एक बार फिर सरकार के दावों की पोल खोल कर रख दी है.
इस वीडियो को सोशल मीडिया X पर @Deepeshpatel87 नाम के हैंडल से शेयर किया गया है. ये भी पढ़े:Seoni: मध्य प्रदेश में छात्रों की दयनीय हालत, सिवनी में कीचड़ भरे रास्ते से स्कूल जाने पर मजबूर बच्चे, सोशल मीडिया पर वीडियो आया सामने; VIDEO
शव को खाट पर ले जाया गया हॉस्पिटल
पोस्टमार्टम के लिए शव को खटिया से ले जाना पड़ा, यह घटना आपकी हैरान कर देगी !!
दरअसल मध्यप्रदेश के सतना जिले में एक आदिवासी बच्चे की मौत कुएं में डूबने से हो गई और पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल ले जाना था लेकिन गांव में सड़क नहीं होने की वजह से गांव तक एंबुलेंस की कोई सुविधा नहीं… pic.twitter.com/4f21gvvrLg
— Deepesh Patel (@Deepeshpatel87) July 31, 2025
मजबूरी में खटिया बनी स्ट्रेचर
सतना जिले में बच्चे की मौत के बाद गांव वालों ने शव को पैदल खटिया पर उठाकर हॉस्पिटल पहुंचाना ठीक समझा. क्योंकि गांव में सड़क नहीं थी और एम्बुलेंस गांव तक नहीं पहुंच पायी . जिसके कारण ग्रामीण कीचड़ और पानी भरे रास्ते से शव को लेकर जा रहे है.सड़क न होने के कारण परिजन और ग्रामीणों ने खटिया को ही स्ट्रेचर बना लिया. बच्चे के शव को उस पर रखकर कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ा. यह दृश्य न केवल ग्रामीणों की मजबूरी को उजागर करता है, बल्कि सिस्टम की गंभीर नाकामी का भी प्रमाण है.
मध्य प्रदेश के खराब रास्तों के कई वीडियो आ चुके है सामने
मध्य प्रदेश के अलग-अलग इलाकों से आए दिन ऐसी घटनाएं सामने आती हैं. कभी प्रसव पीड़ा से जूझती महिलाओं को खटिया पर लादकर ले जाया जाता है, तो कभी किसी बीमार व्यक्ति को. अब मृतकों को भी सम्मानजनक अंतिम यात्रा नसीब नहीं हो रही, और खटिया ही उनकी एंबुलेंस बन गई है.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 01, 2025 08:55 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

