Huma Qureshi Meets Operation Sindoor Soldiers: हुमा कुरैशी ने की भारतीय सेना और बीएसएफ के जवानों से मुलाकात, बोलीं- ‘हम भाग्यशाली हैं’
जम्मू-कश्मीर पर्यटन विभाग ने बीएसएफ के साथ मिलकर जम्मू में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सुचेतगढ़ के ऑक्ट्रोई जनरल एरिया में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें अभिनेत्री हुमा कुरैशी ने शिरकत की. कुरैशी ने भारतीय सेना और बीएसएफ जवानों को सलाम करते हुए कहा कि "आप हैं तो हम सुरक्षित हैं हम भाग्यशाली हैं.
नई दिल्ली, 29 मई : जम्मू-कश्मीर पर्यटन विभाग ने बीएसएफ के साथ मिलकर जम्मू में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सुचेतगढ़ के ऑक्ट्रोई जनरल एरिया में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें अभिनेत्री हुमा कुरैशी ने शिरकत की. कुरैशी ने भारतीय सेना और बीएसएफ जवानों को सलाम करते हुए कहा कि "आप हैं तो हम सुरक्षित हैं हम भाग्यशाली हैं." कार्यक्रम में पहुंची हुमा कुरैशी ने संघर्ष विराम उल्लंघन, सीमा पार से गोलीबारी से प्रभावित परिवारों और बीएसएफ और भारतीय सेना के जवानों से बातचीत की.
हुमा कुरैशी ने बताया, "मैं यहां हमारे बीएसएफ जवानों, हमारे सैन्य कर्मियों और विशेष रूप से हमारी महिला सैनिकों का मनोबल बढ़ाने आई थी. आप सभी ने मुझे इतना प्यार दिया कि मैं इससे बहुत प्रभावित हुई. एक बार फिर से मुझे एहसास हुआ कि हम कितने भाग्यशाली हैं कि आप हमारी सीमाओं की रक्षा कर रहे हैं और हमारी सुरक्षा सुनिश्चित कर रहे हैं." कुरैशी ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान भारत की सीमाओं की रक्षा और समर्पण के लिए भारतीय सेना और बीएसएफ की सराहना की. यह भी पढ़ें : Actor Rajesh Dies: तमिल फिल्म इंडस्ट्री के दिग्गज एक्टर राजेश का निधन, 75 साल की उम्र में ली अंतिम सांस
अभिनेत्री ने आगे कहा, "ये समय है, आइए मिलकर नफरत को हरा दें. जम्मू और कश्मीर आइए. यहां की खूबसूरती को महसूस कीजिए. देश की सेना की बहादुरी के कारण ही हमारी सीमाओं पर शांति स्थापित हो सकी है. मैं बीएसएफ और सेना की आभारी हूं. हाल की घटनाओं ने हमें देश के लिए आपकी भूमिका के महत्व को और भी समझाया है. जम्मू और कश्मीर भारत की रीढ़ है और आपके साहस और बलिदान के साथ ये मजबूती और एकजुटता से खड़ा है. मैं आपको और आपके परिवारों को अपने दिल की गहराई से सलाम करती हूं."
कुरैशी ने लोगों से अपील करते हुए कहा, "मैं बस इतना कहना चाहती हूं कि डर को जम्मू-कश्मीर की पहचान न बनने दें. दुनिया को शांति, शक्ति और प्यार का गवाह बनने दें जो वास्तव में इस क्षेत्र के लोगों को परिभाषित करता है. आज हम सभी गर्व और उम्मीद के साथ एक साथ खड़े हैं और यही जम्मू-कश्मीर और भारत की भावना है."