देश

उत्तराखंड में भारी बारिश ने बरपाया कहर, चारधाम यात्रा पर लगा विराम, 8 जिलों में स्कूल बंद- अलर्ट जारी

उत्तराखंड (Uttarakhand) भारी बरसात ने तांडव मचा रखा है. उत्तराखंड के ज्यादातर स्थानों पर शुक्रवार रात लगातार हो रही भारी बारिश के कारण भारी तबाही मची हुई है, वहीं सोमवार को भी सूबे में मौसम विभाग ने भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. मोरी तहसील में बादल फटने के बाद वहां बचाव कार्य जारी है. जिसमें दो हेलीकाप्टरों की मदद ली जा रही है और तीन मेडिकल टीम भी मौके पर पहुंच चुकी हैं.

उत्तराखंड में भारी बारिश ने बरपाया कहर, चारधाम यात्रा पर लगा विराम, 8 जिलों में स्कूल बंद- अलर्ट जारी
बारिश ने मचाई तबाही ( फोटो क्रेडिट- ANI )

उत्तराखंड (Uttarakhand) भारी बरसात ने तांडव मचा रखा है. उत्तराखंड के ज्यादातर स्थानों पर शुक्रवार रात लगातार हो रही भारी बारिश के कारण भारी तबाही मची हुई है, वहीं सोमवार को भी सूबे में मौसम विभाग ने भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. मोरी तहसील में बादल फटने के बाद वहां बचाव कार्य जारी है. जिसमें दो हेलीकाप्टरों की मदद ली जा रही है और तीन मेडिकल टीम भी मौके पर पहुंच चुकी हैं. मोरी ब्लॉक में कल और आज की मध्यरात्रि में बादल फटने से यमुना की सहायक नदियों में आयी बाढ ने कई गांवों में तबाही मचायी जिससे आराकोट, माकुडी, मोल्डा, सनेल, टिकोची और द्विचाणु में कई मकान ढह गए.

उत्तराखंड में हो रही भारी बारिश के कारण 8 जिलों में स्कूलों को बंद रखने का फैसला प्रसाशन ने लिया हैं. वहीं, सुरक्षा के लिहाज से चारधाम और हेमकुंड साहिब यात्रा रोक दी गई है. बता दें कि उत्तराखंड में बादल फटने के कारण तीन लोगों की मौत हो गयी और 22 अन्य लापता हो गए हैं. जिनके बचाव के लिए कार्य जारी है. बारिश का कहर हिमाचल प्रदेश में देखने को मिला. जहां बारिश के कारण होने वाली घटनाओं में दो नेपाली नागरिक समेत कम से कम 22 लोगों की मौत हो गयी जबकि नौ अन्य घायल हो गये.

यह भी पढ़ें:उत्तराखंड और हिमाचल में आफत की बारिश- उत्तरकाशी में फटा बादल, मनाली-कुल्लू नेशनल हाईवे ब्लॉक, अगले 24 घंटे भारी

गौरतलब हो कि उत्तरकाशी जिले के प्रभावित गांवों में एक स्कूल सहित करीब 16 भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गये हैं. आराकोट,चिंवा,बालचा मार्ग पर टिकोची बाजार के पास 24 मीटर का पुल और टिकोची, किराणु, दुचाणु मार्ग पर 36 मीटर का पुल भी बादल फटने से क्षतिग्रस्त हो गये. त्यूनी, आराकोट राष्ट्रीय राजमार्ग भी दो- तीन स्थानों पर भूस्खलन का मलबा आने के कारण बंद है. आराकोट के आसपास के क्षेत्र में विद्युत लाइनों के क्षतिग्रस्त होने के कारण करीब 38 गांवों की विद्युत आपूर्ति ठप हो गयी है.

वहीं मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी उत्तरकाशी के आराकोट और उसके आसपास के क्षेत्रों में बारिश और आपदा के प्रभावितों को जल्द सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने एवं राहत सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिये हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Aug 19, 2019 08:53 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).