Heatwave Alert: आसमान से बरसेगी आग! उत्तर पश्चिम भारत में हीटवेव का अलर्ट, दिल्ली में 42 डिग्री तक पहुंच जाएगा पारा
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने शुक्रवार को जानकारी दी कि उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में अगले 6 दिन हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है. इस दौरान दिल्ली में तापमान 6 और 7 अप्रैल को 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है.
Weather Update: दिल्ली और उत्तर भारत के कई हिस्सों में गर्मी ने अपने तीखे तेवर दिखाना शुरू कर दिया है. राजधानी में गुरुवार को सीजन का सबसे गर्म दिन रहा. इस बीच अब भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों में भीषण गर्मी पड़ने वाली है.
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने शुक्रवार को जानकारी दी कि उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में अगले 6 दिन हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है. इस दौरान दिल्ली में तापमान 6 और 7 अप्रैल को 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है.
Heatwave Alert: अप्रैल से जून तक रहेगा सताएगी गर्मी; जानें क्यों बढ़ने वाले हैं हीटवेव के दिन.
किन-किन राज्यों पर असर पड़ेगा?
हीटवेव का सबसे ज्यादा असर दिल्ली, दक्षिण हरियाणा, पश्चिम उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, गुजरात, राजस्थान, पश्चिम मध्य प्रदेश में दिखेगा. IMD का कहना है कि इन इलाकों में अधिकतम तापमान 2 से 4 डिग्री तक और बढ़ सकता है.
अप्रैल से जून तक झुलसाएगी गर्मी
मौसम विभाग पहले ही यह संकेत दे चुका है कि अप्रैल से जून तक पूरे भारत में सामान्य से अधिक गर्मी पड़ सकती है. मध्य भारत, पूर्वी भारत और उत्तर-पश्चिमी मैदानी इलाकों में इस बार हीटवेव के दिन ज्यादा हो सकते हैं. भारत में आमतौर पर अप्रैल से जून के बीच 4 से 7 हीटवेव दिन दर्ज किए जाते हैं, लेकिन इस साल कुछ राज्यों में यह संख्या 10 से 11 दिन तक जा सकती है.
इन राज्यों में होगा हीटवेव का प्रकोप
मौसम विभाग के मुताबिक राजस्थान, गुजरात, हरियाणा, पंजाब, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तमिलनाडु के उत्तरी हिस्से में हीटवेव के दिन ज्यादा होंगे.
लगातार रिकॉर्ड तोड़ रही गर्मी
2024 भारत और पूरी दुनिया दोनों के लिए अब तक का सबसे गर्म साल रहा है. इस साल की पहली हीटवेव 5 अप्रैल को दर्ज की गई, लेकिन फरवरी के अंत में (27-28 फरवरी) ही कई हिस्सों में गर्म हवाएं महसूस की गई थीं.
वैज्ञानिकों का मानना है कि जलवायु परिवर्तन के कारण हीटवेव अब पहले से ज्यादा तेज़ और बार-बार हो रही हैं. एक 2022 की स्टडी के मुताबिक, इस सदी में हीटवेव की संभावना 10 गुना तक बढ़ सकती है. इस रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि भारत का 70 फीसदी से ज्यादा इलाका हीटवेव की चपेट में आ सकता है.
हीटवेव अब भारत में एक सामान्य मौसमी घटना नहीं रही, बल्कि यह स्वास्थ्य और जीवन के लिए एक गंभीर खतरा बन गई है. इसलिए जरूरी है कि हम समय रहते सतर्क रहें, मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें, और खुद को व अपनों को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी कदम उठाएं.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 04, 2025 04:34 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

