Ghar Ghar Ration Yojana: केजरीवाल सरकार की घर-घर राशन योजना पर केंद्र ने फिर लगाया विराम, बताई यह वजह
केंद्र सरकार से दिल्ली सरकार को बड़ा झटका मिला है. केंद्र ने दिल्ली में अरविंद केजरीवाल सरकार की घर-घर तक राशन पहुंचाने की महत्वाकांक्षी योजना पर रोक लगा दी है. दिल्ली सरकार के आधिकारिक सूत्रों ने शनिवार को यह जानकारी दी. जिसके बाद एक बार फिर दिल्ली सरकार और केंद्र के बीच नया विवाद खड़ा होने के पूरे आसार है.
नई दिल्ली: केंद्र सरकार से दिल्ली सरकार को बड़ा झटका मिला है. केंद्र ने दिल्ली (Delhi) में अरविंद केजरीवाल सरकार की घर-घर तक राशन पहुंचाने की महत्वाकांक्षी योजना पर रोक लगा दी है. दिल्ली सरकार के आधिकारिक सूत्रों ने शनिवार को यह जानकारी दी. जिसके बाद एक बार फिर दिल्ली सरकार और केंद्र के बीच नया विवाद खड़ा होने के पूरे आसार है. दिल्ली में सोमवार से 50 फीसदी क्षमता के साथ आम जनता के लिए फिर से दौड़ेगी मेट्रो
मिली जानकारी के मुताबिक घर-घर राशन योजना के लिए सभी तैयारियां हो चुकी थीं और इसे अगले सप्ताह से शुरू किया जाना था. लेकिन इससे पहले ही केंद्र ने इस योजना को इस आधार पर रोक दिया कि इसे लागू करने से पहले इसकी मंजूरी नहीं ली गई थी.
इससे पहले इस योजना के नाम ‘मुख्यमंत्री घर घर राशन योजना’ को लेकर दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच टकराव की स्थिति उत्पन्न हो गई थी. जिसके बाद इसी साल मार्च महीने में केजरीवाल सरकार ने घर तक राशन पहुंचाने की योजना का कोई नाम नहीं देने का फैसला किया था.
केंद्र सरकार ने तब कहा था कि दिल्ली सरकार इस योजना को लागू नहीं करें, क्योकि किसी राज्य को राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून (एनएफएसए) के तहत आवंटित खाद्यान्न के इस्तेमाल की अनुमति नहीं है. जिसके बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उनकी सरकार का घर तक राशन पहुंचाने की योजना का कोई नाम नहीं होगा.
Arvind Kejriwal has been fighting against Ration Mafia for decades!
You cannot stop him PM Modi! #ModiProtectsRationMafia pic.twitter.com/nlBlDlcDcH
— AAP (@AamAadmiParty) June 5, 2021
यह स्कीम पहले 25 मार्च से शुरू होने वाली थी. जिसके एक दिन पहले ही केंद्र द्वारा यह योजना रोक दी गई. जिसके बाद केजरीवाल ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘हम केंद्र की सभी शर्तों को स्वीकार करेंगे, लेकिन योजना में किसी भी तरह की बाधा नहीं आने देंगे. हम श्रेय लेने के लिए ऐसा नहीं कर रहे हैं. इसलिए अब योजना का कोई नाम नहीं होगा.”
उन्होंने कहा, ‘‘हम 20-22 वर्षों से इस योजना के सपने देख रहे हैं और पिछले दो-तीन वर्षों से व्यक्तिगत तौर पर मैं इसकी तैयारी कर रहा था, लेकिन केंद्र की तरफ से आपत्ति करने के बाद हमारा दिल डूब गया. अब हम इसके रास्ते में कोई बाधा नहीं आने देंगे और उनकी सभी शर्तों को मानेंगे.’’
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 05, 2021 06:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

