अहमदाबाद: आसाराम (Asaram) के बेटे नारायण साईं (Narayan Sai) को शुक्रवार को तगड़ा झटका लगा है. सूरत (Surat) की सेशन कोर्ट (Sessions Court) कोर्ट ने दुष्कर्म के मामले में नारायण साईं को दोषी करार दिया है. सेशन कोर्ट (Sessions Court) कोर्ट 30 अप्रैल को सजा का ऐलान करने वाली है.
आसाराम और उसके बेटे नारायण साई पर गुजरात के सूरत में दो बहनों के साथ दुष्कर्म करने का आरोप है. बड़ी बहन ने आसाराम पर 1997 और 2006 में अहमदाबाद स्थित मोटेरा आश्रम में यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया जबकि छोटी बहन ने आसाराम के बेटे नारायण साई पर यही आरोप लगाए हैं.
यह भी पढ़ें- उम्रकैद की सजा काट रहे आसाराम को झटका, 20 दिनों की पैरोल याचिका खारिज
बता दें कि जेल में रहते हुए नारायण साईं पर पुलिस कर्मचारी को 13 करोड़ रुपये की रिश्वत देने का भी आरोप लगा था. हालांकि इस मामले में उसे जमानत मिल चुकी है जबकि रेप के मामले में अभी भी कोर्ट में सुनवाई चल रही है.
आसाराम और उसके बेटे के जेल में बंद होने के बावजूद अब तक छह गवाहों पर हमला हो चुका है. इनमें से दो की आसाराम के अनुयायियों ने हत्या कर दी.
आसाराम के खिलाफ मार्च 2016 में दुष्कर्म के आरोप तय किए गए और बाद में इसे सूरत से गांधीनगर स्थानांतरित कर दिया गया. जोधपुर की एक विशेष अदालत ने 25 अप्रैल को आसाराम को 2013 में राजस्थान के अपने आश्रम में एक नाबालिग से दुष्कर्म करने के मामले में भी दोषी पाया था और आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी.
आरोप पत्र में आसाराम की पत्नी लक्ष्मी और उनकी बेटी भारती का नाम भी शामिल किया गया. सर्वोच्च न्यायालय ने पिछले साल अप्रैल में आसाराम की जमानत याचिका खरिज कर दी थी और कमजोर जांच करने के लिए गुजरात पुलिस को भी इस मामले से पीछे खींच लिया था.













QuickLY