Bihar Exit Poll: NDA को बढ़त, लेकिन CM के लिए नीतीश कुमार नहीं तेजस्वी यादव हैं लोगों की पहली पसंद
बिहार विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल नतीजों में एक दिलचस्प मोड़ सामने आया है. जहां लगभग सभी सर्वेक्षणों ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) को बढ़त दी है, वहीं मुख्यमंत्री पद के लिए जनता की पसंद के मामले में तेजस्वी यादव ने बाजी मार ली है.
Bihar Exit Poll: बिहार विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल नतीजों में एक दिलचस्प मोड़ सामने आया है. जहां लगभग सभी सर्वेक्षणों ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) को बढ़त दी है, वहीं मुख्यमंत्री पद के लिए जनता की पसंद के मामले में तेजस्वी यादव ने बाजी मार ली है. एग्जिट पोल के मुताबिक, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाला NDA इस बार भी सत्ता में वापसी कर सकता है. Axis My India के अनुमान के अनुसार, NDA को 121 से 141 सीटें मिल सकती हैं, जबकि Today's Chanakya ने 140 से अधिक सीटों की संभावना जताई है.
वहीं, RJD के नेतृत्व वाले महागठबंधन को 98 से 118 सीटों के बीच सीमित बताया गया है. यानी आंकड़ों के लिहाज से NDA को साफ बहुमत का फायदा मिलता दिख रहा है.
Axis My India के एग्जिट पोल में भी NDA को बढ़त, तेजस्वी की महागठबंधन पिछड़ी.
जनता की पसंद: तेजस्वी यादव बने पसंदीदा मुख्यमंत्री
हालांकि, जब बात मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार की आती है, तो तस्वीर पूरी तरह बदल जाती है.
Axis My India के सर्वे में 34% लोगों ने तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) को अपनी पहली पसंद बताया, जबकि नीतीश कुमार को केवल 22% वोट मिले.
यहां तक कि 14% लोगों ने कहा कि वे बीजेपी के किसी भी उम्मीदवार को देखना चाहेंगे.
दूसरे सर्वेक्षण Peoples Pulse में भी यही ट्रेंड दिखा. 32% लोगों ने तेजस्वी को पसंद किया, जबकि नीतीश को 30% का समर्थन मिला.
जन सुराज पार्टी का प्रदर्शन निराशाजनक
पूर्व चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज से लोगों को काफी उम्मीदें थीं, लेकिन एग्जिट पोल में यह पार्टी लगभग नदारद दिखी. अधिकतर सर्वे में पार्टी को 0 से 5 सीटों तक ही सीमित बताया गया है. लगता है कि प्रशांत किशोर की रणनीति जनता के दिल तक पहुंच नहीं पाई.
चुनावी नतीजों से पहले बढ़ा रोमांच
बिहार में दो चरणों में मतदान 6 और 11 नवंबर को हुआ था, और 14 नवंबर को नतीजे आने वाले हैं.
अब देखना दिलचस्प होगा कि एग्जिट पोल की भविष्यवाणियां सही साबित होती हैं या तेजस्वी यादव के प्रति जनता की बढ़ती लोकप्रियता कोई नया राजनीतिक समीकरण तैयार करती है.