GST में बड़ा बदलाव: खत्म होंगे 12% और 28% स्लैब, 90 फीसदी सामान होगा सस्ता
देश में जीएसटी (GST) व्यवस्था को आसान और जनहितकारी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. राज्यों के मंत्रियों के समूह (GoM) ने 12% और 28% जीएसटी स्लैब खत्म करने पर सहमति दे दी है.
नई दिल्ली: देश में जीएसटी (GST) व्यवस्था को आसान और जनहितकारी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. राज्यों के मंत्रियों के समूह (GoM) ने 12% और 28% जीएसटी स्लैब खत्म करने पर सहमति दे दी है. अब केवल दो मुख्य दरें होंगी 5% और 18%. इस बदलाव को ‘GST 2.0’ कहा जा रहा है, जो आम लोगों और कारोबारियों दोनों के लिए राहत लेकर आएगा. फिलहाल चार दरों पर जीएसटी लगाया जाता है. 5%, 12%, 18% और 28%. नई व्यवस्था में 12% स्लैब के 99% सामान 5% में आ जाएंगे. 28% स्लैब के करीब 90% सामान 18% में आ जाएंगे. 40% टैक्स सिर्फ लक्ज़री और ‘सिन गुड्स’ (जैसे तंबाकू, लक्ज़री कारें) पर जारी रहेगा.
नए दो-स्लैब जीएसटी सिस्टम से टैक्स स्ट्रक्चर सरल होगा, कारोबारियों के लिए अनुपालन आसान होगा और उपभोक्ताओं को सीधी राहत मिलेगी. आने वाले दिनों में आम जनता के लिए सस्ता सामान और आसान टैक्स व्यवस्था दोनों देखने को मिल सकते हैं.
उपभोक्ताओं के लिए बड़ी बचत
- सरकार का कहना है कि नई दरें घर-परिवार, किसानों और मध्यम वर्ग को राहत देंगी.
- दवाइयां, प्रोसेस्ड फूड, कपड़े, जूते और घरेलू सामान अब 5% स्लैब में आएंगे.
- टीवी, वॉशिंग मशीन और अन्य बड़े घरेलू उपकरण अब 18% टैक्स में होंगे, पहले इन पर 28% लगता था.
- इससे मध्यम वर्ग के परिवारों के बजट पर सीधा असर पड़ेगा.
बीमा पर जीएसटी माफी पर भी विचार
GoM की बैठक में स्वास्थ्य और जीवन बीमा पर जीएसटी हटाने का प्रस्ताव भी रखा गया. अगर यह लागू हुआ, तो लोगों को प्रीमियम पर जीएसटी नहीं देना होगा. हालांकि इससे सरकार को हर साल लगभग 9,700 करोड़ रुपये का राजस्व नुकसान हो सकता है. राज्यों ने यह शर्त रखी है कि बीमा कंपनियाँ इस लाभ को ग्राहकों तक पहुंचाएं.
किन नेताओं ने लिया फैसला?
इस अहम बैठक की अध्यक्षता बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने की. इसमें उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, राजस्थान के स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह, पश्चिम बंगाल की वित्त मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य, कर्नाटक के राजस्व मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा और केरल के वित्त मंत्री के.एन. बालगोपाल शामिल थे.
GST सुधार से बदलेगा बजट
GoM की सिफारिशें अब जीएसटी काउंसिल को भेजी जाएंगी. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता वाली यह काउंसिल अंतिम निर्णय लेगी. अगर इसे मंजूरी मिल जाती है, तो 2017 में जीएसटी लागू होने के बाद यह सबसे बड़ा सुधार होगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 21, 2025 04:04 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

