मुंबई: भारतीय इक्विटी बाजारों (Indian Eequity Markets) में शुक्रवार, 13 मार्च को एक अस्थिर सत्र की शुरुआत होने की संभावना है. वैश्विक स्तर पर, विशेषकर मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव ने निवेशकों के बीच चिंता पैदा कर दी है. सीएनबीसी-टीवी18 की रिपोर्ट के अनुसार, आज ओएनजीसी (ONGC), टाटा मोटर्स (Tata Motors), एचपीसीएल (HPCL), इंडिगो (IndiGo) और एलएंडटी (L&T) जैसी कंपनियों के शेयर समाचारों और कारोबारी गतिविधियों के केंद्र में रहेंगे.
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण निफ्टी 50 और सेंसेक्स पर दबाव बना रहेगा, हालांकि ऊर्जा क्षेत्र की कुछ कंपनियों के लिए यह स्थिति अवसर भी पैदा कर सकती है. यह भी पढ़ें: Stocks To Buy or Sell Today, March 12, 2026: विप्रो, टाटा मोटर्स और अशोक लेलैंड समेत इन शेयरों पर रहेगी नजर; बाजार में उतार-चढ़ाव के संकेत
इन शेयरों में दिख सकती है बड़ी हलचल
ओएनजीसी (ONGC)
कच्चे तेल की खोज और उत्पादन करने वाली कंपनी होने के नाते, ओएनजीसी को वैश्विक स्तर पर बढ़ती ब्रेंट क्रूड की कीमतों का सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है. हॉर्मुज जलडमरूमध्य में व्यवधान के कारण तेल की कीमतें 80-85 डॉलर प्रति बैरल की ओर बढ़ रही हैं. हालांकि, निवेशक सरकार द्वारा लगाए जाने वाले 'विंडफॉल टैक्स' (Windfall Tax) पर भी नजर रखेंगे, जो कंपनी के मुनाफे को प्रभावित कर सकता है.
हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL)
ओएनजीसी के विपरीत, एचपीसीएल जैसी तेल विपणन कंपनियों (OMCs) पर आज बिकवाली का दबाव देखा जा सकता है. कच्चे तेल की बढ़ती लागत अक्सर इन कंपनियों के मार्जिन को कम कर देती है, खासकर यदि खुदरा ईंधन की कीमतों में वृद्धि नहीं की जाती है. ट्रेडर्स इस बात पर नजर रखेंगे कि क्या सरकार कीमतों में बढ़ोतरी की अनुमति देती है.
टाटा मोटर्स (Tata Motors)
टाटा मोटर्स आज अपने फरवरी 2026 के बिक्री के आंकड़े जारी करेगी. बाजार की नजर विशेष रूप से उनके इलेक्ट्रिक वाहन (EV) सेगमेंट के प्रदर्शन पर रहेगी, जिसे कंपनी के भविष्य के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण मानक माना जा रहा है.
इंटरग्लोब एविएशन (IndiGo)
विमानन ईंधन (ATF) की कीमतों में संभावित वृद्धि के कारण इंडिगो का स्टॉक आज फोकस में रहेगा। मध्य पूर्व में हवाई क्षेत्र (Airspace) बंद होने से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के मार्ग बदलने पड़ रहे हैं, जिससे परिचालन लागत बढ़ने की आशंका है. संस्थागत निवेशक फिलहाल इस स्टॉक पर 'वेट-एंड-वॉच' की नीति अपना सकते हैं.
लार्सन एंड टुब्रो (L&T)
इन्फ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र की दिग्गज कंपनी एलएंडटी को रक्षा और हरित ऊर्जा क्षेत्रों में नए घरेलू ऑर्डर मिलने की उम्मीद है. वैश्विक अस्थिरता के बीच सरकार द्वारा 'आत्मनिर्भर रक्षा निर्माण' को प्राथमिकता देने से एलएंडटी के हेवी इंजीनियरिंग डिवीजन को दीर्घकालिक लाभ मिल सकता है.
बाजार का मौजूदा परिदृश्य
भू-राजनीतिक चुनौतियों के अलावा, आज बाजार ऑटो बिक्री के मासिक आंकड़ों और घरेलू बुनियादी ढांचे के अपडेट पर भी प्रतिक्रिया देगा. जहां मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं, वहीं हॉस्पिटैलिटी और एविएशन इंडस्ट्री ईंधन की बढ़ती लागत के कारण मार्जिन पर पड़ने वाले दबाव की तैयारी कर रही है.
(डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है और इसे निवेश सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य लें।)













QuickLY