विदेश की खबरें | जेलेंस्की ने बुल्गारिया और चेक गणराज्य का दौरा किया
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

इन देशों ने रूस के साथ युद्ध खत्म हो जाने के बाद नाटो में यूक्रेन के प्रवेश को लेकर समर्थन व्यक्त किया।

चेक राष्ट्रपति पेट्र पावेल ने बृहस्पतिवार को कहा कि युद्ध की समाप्ति के बाद, जितनी जल्दी हो सके, नाटो की सदस्यता को लेकर बातचीत उनके देश और यूक्रेन के हित में होगी।

जेलेंस्की ने प्राग में कहा ‘‘मुझे विश्वास है कि यूक्रेन नाटो का हिस्सा होगा।’’ उन्होंने यह भी कहा कि लिथुआनिया के विनियस में अगले सप्ताह होने वाले नाटो शिखर सम्मेलन में अगर यूक्रेन को गठबंधन में शामिल होने का निमंत्रण दिया जाता है तो यह सम्मेलन का ‘‘आदर्श परिणाम’’ होगा।

इससे पहले बृहस्पतिवार को जेलेंस्की ने बुल्गारिया की नई पश्चिम समर्थक सरकार के निमंत्रण पर वहां की एक संक्षिप्त यात्रा की तथा यूरोपीय एकीकरण और द्विपक्षीय ऊर्जा सहयोग पर चर्चा की। उन्होंने रूसी हमले से निपटने और यूक्रेन के मदद मांगने के अधिकार का बचाव किया।

जेलेंस्की ने कहा ‘‘कब्जाधारी हमारी जमीन पर आए, उन्होंने लोगों को मारा, प्रताड़ित किया, यूक्रेनी बच्चों को उनके परिवारों से अलग कर उनमें नफरत भरने की कोशिश की।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यह ऐसे समय में हो रहा है जब हमें एकजुट होने और नियमों के आधार पर एक अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था बनाने की जरूरत है।’’

बुल्गारिया के प्रधानमंत्री निकोलाई डेनकोव ने यूक्रेन की क्षेत्रीय अखंडता के लिए, उनके देश के लिए, एक यूरोपीय संघ और नाटो की सदस्यता के लिए समर्थन पर जोर दिया।

एपी खारी

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