देश की खबरें | मणिपुर में सभी समूहों, समुदायों से मुलाकात करेंगे: तृणमूल कांग्रेस

इम्फाल, 19 जुलाई तृणमूल कांग्रेस सांसदों का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बुधवार को मणिपुर की राजधानी इम्फाल पहुंचा और उसने कहा कि वह हिंसा प्रभावित इस राज्य के सभी समूहों और समुदायों से मिलेगा और उनकी समस्याएं सुनेगा।

तृणमूल कांग्रेस आरोप लगाती रही है कि केंद्र एवं मणिपुर की भाजपा नीत सरकारों की "विभाजनकारी" नीतियों के कारण जातीय संघर्ष हुआ है, जिसमें 150 से अधिक लोगों की जान चली गई है।

इम्फाल पहुंचने के बाद राज्यसभा सदस्य सुष्मिता देव ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हमारी नेता ममता बनर्जी ने सभी पक्षों को सुनने के लिए पांच सांसदों का एक प्रतिनिधिमंडल भेजा है। बनर्जी ने पहले केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को पत्र लिखा था और राज्य का दौरा करना चाहती थीं। हालांकि गृहमंत्री ने उनके दौरा नहीं होने दिया। बाद में, उन्होंने (बनर्जी ने) हमें एक या दो दिन के लिए राज्य का दौरा करने का निर्देश दिया।’’

देव ने कहा, ‘‘हम मणिपुर के लोगों को आश्वस्त करना चाहते हैं कि हमारी नेता ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी शांति चाहते हैं। हम सभी को सुनना चाहते हैं क्योंकि हम चाहते हैं कि सभी लोग एकसाथ रहें। हम एक हेलीकॉप्टर से चुराचांदपुर जाएंगे और शाम में राहत शिविरों का दौरा करेंगे। हमारी राज्यपाल से मिलने की भी योजना है।’’

राज्यसभा सदस्य ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख बनर्जी ने हमें जमीनी हकीकत समझने के लिए सभी समुदायों के सदस्यों और सभी धर्मों के लोगों से मिलने का निर्देश दिया है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम संसद में लोगों के पक्ष में खड़े रहेंगे। केंद्र और राज्य सरकारें स्थिति को नियंत्रित करने में सक्षम नहीं रही हैं।’’

तृणमूल कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल में राज्यसभा नेता डेरेक ओ ब्रायन, राज्यसभा सदस्य डोला सेन और सुष्मिता देव और लोकसभा सदस्य काकोली घोष दस्तीदार और कल्याण बनर्जी शामिल हैं।

सेन ने कहा, ‘‘हम यहां मणिपुर के आम लोगों का दुख-दर्द सुनने के लिए आए हैं।’’

मणिपुर में अनुसूचित जनजाति (एसटी) का दर्जा देने की मेइती समुदाय की मांग के विरोध में तीन मई को पर्वतीय जिलों में ‘आदिवासी एकजुटता मार्च’ के आयोजन के बाद हिंसक झड़पें शुरू हो गई थीं। इस हिंसा में अब तक करीब 150 लोगों की मौत हुई है और कई घायल हुए हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)