नयी दिल्ली, 20 अप्रैल केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारत में बढ़ती आबादी और आर्थिक विकास के साथ पानी की जरूरत बढ़ रही है और इसके 2050 तक 1,500 अरब घन मीटर के पार जाने का अनुमान है।
जलशक्ति मंत्री ने 16वें सिविल सेवा दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित एक कार्यक्रम में यह बात कही।
उन्होंने कहा, “आधिकारिक आंकड़े आना अभी बाकी है, लेकिन हम दुनिया की सर्वाधिक आबादी वाला देश बन गए हैं। हम दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था भी हैं और पानी की हमारी जरूरत भी बढ़ रही है।”
मिट्टी की जलधारण क्षमता बढ़ाने की अहमियत को रेखांकित करते हुए शेखावत ने कहा कि भारत में पानी की मौजूदा जरूरत 1,100 अरब घन मीटर है, और 2050 तक इसके 1,500 घन मीटर के पार जाने का अनुमान है।
उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत केंद्र सरकार ने हर घर में नल से पानी पहुंचाने पर ध्यान केंद्रित किया।
शेखावत ने कहा, “लेकिन हर घर में नल से पानी पहुंचाने के लिए काफी काम किए जाने की जरूरत थी और जल जीवन मिशन के तहत भारत द्वारा निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने में नौकरशाहों ने अहम भूमिका निभाई।”
उन्होंने कहा, “इस सरकार ने नौकरशाहों को काम करने की आजादी दी।”
शेखावत ने कहा कि भारत द्वारा किए गए विकास कार्यों ने पूरी दुनिया को प्रभावित किया है।
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