देश की खबरें | उपराष्ट्रपति धनखड़ ने पारंपरिक जल संचयन संरचनाओं को पुनर्जीवित करने की अपील की

नयी दिल्ली, 17 जून उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने शनिवार को कम उपयोग, पुन: उपयोग और पुनर्चक्रण की नीति के माध्यम से पारंपरिक जल संचयन संरचनाओं को पुनर्जीवित करने की अपील की।

धनखड़ ने नागरिकों से जल संरक्षण को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने की अपील भी की।

चौथे राष्ट्रीय जल पुरस्कार समारोह में अपने संबोधन के दौरान, उपराष्ट्रपति धनखड़ ने ‘‘कम उपपयोग, पुन: उपयोग और पुनर्चक्रण’’ के प्रति नए सिरे से प्रतिबद्धता के माध्यम से तालाब जैसे पारंपरिक जल संचयन संरचनाओं को पुनर्जीवित करने का आह्वान किया।

विजेताओं को जल संसाधन प्रबंधन के क्षेत्र में उनके अनुकरणीय कार्य के लिए बधाई देते हुए, धनखड़ ने पंचायत, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर सभी जनप्रतिनिधियों से जल संरक्षण को प्राथमिकता देने और मिसाल के लिए नेतृत्व करने का आह्वान किया।

पानी एवं पर्यावरण के संरक्षण पर जोर देने वाले संवैधानिक प्रावधानों की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए, उन्होंने ‘जल जीवन मिशन’ जैसी विभिन्न सरकारी पहलों के आम नागरिकों के जीवन पर पड़ने वाले परिवर्तनकारी प्रभाव पर प्रकाश डाला।

धनखड़ ने कहा कि जल संरक्षण हमेशा भारत के सभ्यतागत लोकाचार का एक अभिन्न पहलू रहा है। उपराष्ट्रपति ने कहा कि यह प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह प्रकृति के उपहारों का बुद्धिमानी से उपयोग सुनिश्चित करे।

उन्होंने कहा, ‘‘प्राकृतिक संसाधनों का उपयोग हमारी अधिकतम आवश्यकता के अनुसार होना चाहिए।’’

पुरस्कार समारोह में, 11 श्रेणियों में 41 विजेताओं को सम्मानित किया गया।

सर्वश्रेष्ठ राज्य के लिए प्रथम पुरस्कार मध्य प्रदेश को, सर्वश्रेष्ठ जिले का पुरस्कार ओडिशा के गंजम जिले को और सर्वश्रेष्ठ ग्राम पंचायत का पुरस्कार तेलंगाना के भद्राद्री कोठागुडेम जिले के जगन्नाधपुरम को दिया गया।

यह लोगों में पानी के महत्व के बारे में जागरूकता उत्पन्न करने और उन्हें सर्वोत्तम जल उपयोग प्रथाओं को अपनाने के लिए प्रेरित करने का प्रयास करता है।

चंडीगढ़ नगर निगम को सर्वश्रेष्ठ शहरी स्थानीय निकाय, एडवांस वाटर डाइजेस्ट प्राइवेट लिमिटेड गुरुग्राम को सर्वश्रेष्ठ मीडिया, मेहसाणा में जमीयतपुरा प्राइमरी स्कूल को सर्वश्रेष्ठ स्कूल, श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड को परिसर के उपयोग के लिए सर्वश्रेष्ठ संस्थान का और सर्वश्रेष्ठ उद्योग के पुरस्कार से बेगूसराय स्थित ताप बिजली संयंत्र को सम्मानित किया गया।

राजस्थान के उदयपुर में अर्पण सेवा संस्थान को सर्वश्रेष्ठ एनजीओ, गुजरात के नर्मदा में संजीवनी पियात सहकारी मंडली लिमिटेड को सर्वश्रेष्ठ जल उपयोगकर्ता संघ और सीएसआर गतिविधियों के लिए सर्वश्रेष्ठ उद्योग का पुरस्कार एचसीएल टेक्नोलॉजीज लिमिटेड, नोएडा, उत्तर प्रदेश को दिया गया।

उपराष्ट्रपति ने जल संरक्षण के संदेश को प्रसारित करने के लिए दूरदर्शन पर प्रसारित होने वाले राष्ट्रीय जल मिशन के शुभंकर एनिमेटेड चरित्र ‘पीकू’ की एक लघु फिल्म भी जारी की।

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