Uttar Pradesh Foundation Day: 'उत्तर प्रदेश दिवस' का आयोजन 24 से 26 जनवरी तक जनसहभागिता के साथ होगा- अधिकारी
उत्तर प्रदेश राज्य के इस वर्ष स्थापना दिवस पर आगामी 24 से 26 जनवरी तक 'उप्र दिवस' का आयोजन जनसहभागिता के साथ किये जाने का निर्णय लिया गया है. शनिवार को एक सरकारी बयान में यह जानकारी दी गयी.
लखनऊ, 21 जनवरी : उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) राज्य के इस वर्ष स्थापना दिवस पर आगामी 24 से 26 जनवरी तक 'उप्र दिवस' का आयोजन जनसहभागिता के साथ किये जाने का निर्णय लिया गया है. शनिवार को एक सरकारी बयान में यह जानकारी दी गयी. उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र के हवाले से जारी एक बयान में कहा गया है कि उत्तर प्रदेश राज्य के स्थापना दिवस 24 जनवरी पर वर्ष 2018 से तीन दिवसीय (24-26 जनवरी) आयोजन निरन्तर किया जा रहा है, जिसमें प्रदेश के समस्त विभागों द्वारा अपनी सहभागिता सुनिश्चित की जाती रही है. उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 में उत्तर प्रदेश दिवस का गरिमामय आयोजन जनसहभागिता के साथ किये जाने का निर्णय लिया गया है. उन्होंने बताया कि 24-26 जनवरी, 2023 की अवधि में ‘उत्तर प्रदेश दिवस-2023’ को समारोह पूर्वक आयोजित किये जाने के सम्बन्ध में समस्त जिलाधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किये गये हैं.
मिश्र ने बताया कि ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ का राज्य स्तरीय आयोजन लखनऊ के 'अवध शिल्प ग्राम' एवं नोएडा के 'नोएडा शिल्प ग्राम' में तथा जिला स्तरीय आयोजन प्रदेश के अन्य सभी जिला मुख्यालयों में किया जायेगा. उन्होंने बताया कि लखनऊ में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रमों हेतु संस्कृति विभाग एवं नोएडा के राज्य स्तरीय आयोजन हेतु नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण नोडल होंगे तथा अन्य समस्त जिलों में सम्बन्धित जिलाधिकारी नोडल अधिकारी होंगे. उन्होंने बताया कि वर्ष 2023 के उत्तर प्रदेश दिवस आयोजन का मुख्य विषय ‘निवेश एवं रोजगार’ है, अतः निवेश एवं रोजगार पर आधारित संगोष्ठियां, रोडशो, उद्यमी सम्मेलन आदि कार्यक्रम प्रमुखता से आयोजित करने के निर्देश दिये गये हैं. यह भी पढ़ें : नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती को लेकर तृणमूल और भाजपा ने खेल रही राजनीतिक कार्ड
उन्होंने कहा कि इस आयोजन में निवेश एवं रोजगार, डिजिटल उत्तर प्रदेश, साइबर सुरक्षा व उन्नत प्राकृतिक कृषि विषयों पर प्रदर्शनियां आयोजित किया जायेगा. उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों, जनपदों की विशिष्ट प्रतिभाओं की सफलता की कहानी को भी फोटो फिल्म पत्रिका के माध्यम से प्रदर्शित किया जायेगा. उन्होंने कहा कि इस अवसर पर उत्तर प्रदेश राजकीय अभिलेखागार द्वारा उत्तर प्रदेश स्थापना से लेकर अब तक की विकास यात्रा से सम्बन्धित संकलित अभिलेखों की प्रदर्शनी का आयोजन लखनऊ सहित सभी कार्यक्रम स्थलों पर किया जायेगा. उन्होंने बताया कि विभिन्न विभागों द्वारा संचालित लाभार्थीपरक योजनाओं के अन्तर्गत टूल किट, लाभार्थी कार्ड, छात्रवृत्ति आदि का सामूहिक वितरण कार्यक्रम एवं उक्त कल्याणकारी योजनाओं पर आधारित संगोष्ठी, सेमिनार, परिचर्चा आदि का भी आयोजन किया जायेगा.
उन्होंने कहा कि 25 जनवरी, 2023 को सभी कार्यक्रम स्थलों पर राज्य स्तरीय चित्रकला प्रतियोगिता, भाषण प्रतियोगिता, रंगोली प्रतियोगिता आदि के आयोजन सुनिश्चित किये जायेंगे, जिनको जी-20 तथा उत्तर प्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2023 के विषयों से जोड़ा जायेगा. उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश दिवस मनाने की पहल तत्कालीन राज्यपाल राम नाईक ने की थी और योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सरकार बनने के बाद 2018 से प्रतिवर्ष यह आयोजन समारोह पूर्वक मनाया जाता है. उत्तर प्रदेश का स्थापना दिवस मनाने के पीछे एक वजह यह है कि पहले इसे उत्तर प्रदेश यूनाइटेड प्रोविंस के नाम से जाना जाता था लेकिन 24 जनवरी 1950 से इस राज्य को उत्तर प्रदेश नाम से मान्यता मिली. इसलिए 2018 से प्रतिवर्ष 24 जनवरी से उत्तर प्रदेश का स्थापना दिवस 'उप्र दिवस' के रूप में मनाया जाता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 21, 2023 12:40 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

