नयी दिल्ली, 21 अगस्त भारतीय दूरसंचार नियामक प्रधिकरण (ट्राई) निजी क्षेत्र की दूरसंचार कंपनी वोडाफोन आइडिया को उसके ‘प्रायरिटी प्लान’ को लेकर कारण बताओ नोटिस जारी करने पर विचार कर रहा है। एक सूत्र ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
सूत्र ने बताया कि नियामक इस बारे में कंपनी द्वारा दिए गए जवाब से संतुष्ट नहीं है। वहीं भारती एयरटेल ने ट्राई के निर्देश के बाद अपनी प्लैटिनम योजना से और ग्राहकों को जोड़ना बंद कर दिया है। ऐसे में संभवत: एयरटेल को नियामक नोटिस जारी नहीं करेगा।
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ट्राई के एक सूत्र ने कहा कि वोडाफोन आइडिया कई मुद्दों पर ट्राई को संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया है। इनमें एक मुद्दा यह है कि कंपनी कैसे प्रीमियम प्लान लेने वाले ग्राहकों को प्राथमिकता वाली सेवा और स्पीड सुनिश्चित करेगी। दूसरा मुद्दा यह है कि कैसे प्रायरिटी प्लान गैर-प्रीमियम ग्राहकों की सेवाओं पर प्रतिकूल असर नहीं डालेगा।
सूत्र ने कहा कि कई दौर के सवालों के बावजूद भी वोडाफोन आइडिया ट्राई द्वारा उठाए गए मुद्दों पर स्पष्ट और सीधा जवाब नहीं दे पाई है।
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सूत्र ने बताया कि कारण बताओ नोटिस जारी करने पर फैसला एक-दो दिन में किया जाएगा। वोडाफोन आइडिया को कारण बताओ नोटिस का जवाब देने और अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए कुछ दिन का समय दिया जाएगा। सूत्र ने कहा कि ट्राई का यह फैसला मोबाइल ग्राहकों के हितों के संरक्षण की दृष्टि से लिया जाएगा।
इस बारे में वोडाफोन को भेजे ई-मेल का कोई जवाब नहीं मिला।
ट्राई वोडाफोन आइडिया के प्रायरिटी प्लान रेडएक्स तथा भारती एयरटेल के प्लैटिनम प्लान की जांच कर रहा है। नियामक यह पता लगा रहा है कि प्रायरिटी प्लान के जरिये कुछ ग्राहकों को नेटवर्क में प्राथमिकता देने से कही बिना प्रीमियम सेवा वाले ग्राहकों की सेवाएं तो प्रभावित नहीं हो रही हैं। और क्या इनके तहत नियमों का किसी तरह का उल्लंघन तो नहीं हो रहा है।
अजय
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