देश की खबरें | उच्चतम न्यायालय भ्रष्टाचार मामले में कुमारस्वामी की याचिका पर 25 फरवरी को सुनवाई करेगा

नयी दिल्ली, तीन फरवरी उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को कहा कि वह भ्रष्टाचार के एक मामले में कार्यवाही रद्द करने का अनुरोध करने वाले कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी की याचिका पर 25 फरवरी को सुनवाई करेगा।

न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति मनमोहन की पीठ ने कहा कि वह मामले में कानून के सीमित प्रश्न पर फैसला करेगी।

शीर्ष अदालत ने मामले में 18 जनवरी, 2021 को शिकायतकर्ता एम एस महादेव स्वामी और कर्नाटक सरकार को नोटिस जारी किया था।

कुमारस्वामी की 9 अक्टूबर, 2020 के उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ याचिका को कई बार सूचीबद्ध किया गया लेकिन कोई ठोस सुनवाई नहीं हुई। उच्च न्यायालय ने कुमारस्वामी के खिलाफ कार्यवाही रद्द करने से इनकार कर दिया था।

यह मामला स्वामी द्वारा बेंगलुरू में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत विशेष न्यायाधीश के समक्ष दायर एक निजी शिकायत से संबंधित है, जिसमें कुमारस्वामी और अन्य के खिलाफ मुकदमा चलाने का अनुरोध किया गया।

शिकायत में आरोप लगाया गया कि जून 2006 से अक्टूबर 2007 के बीच मुख्यमंत्री के रूप में कुमारस्वामी के कार्यकाल के दौरान, बेंगलुरु दक्षिण तालुक के उत्तराहल्ली होबी के हलगेवदेरहल्ली गांव में दो भूखंडों की अधिसूचना रद्द कर दी गई थी, जिसका उद्देश्य आर्थिक लाभ प्राप्त करना था।

कुमारस्वामी अब केंद्रीय भारी उद्योग मंत्री हैं। उन्होंने वरिष्ठ अधिवक्ता रंजीत कुमार के माध्यम से दलील दी कि 2018 में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 19(1)(बी) में किए गए संशोधन के मद्देनजर मंजूरी की आवश्यकता थी, भले ही याचिकाकर्ता उस समय पद पर नहीं थे, जब संज्ञान लिया गया था।

उन्होंने कहा कि धारा 19 के तहत मंजूरी प्राप्त किए बिना कोई संज्ञान नहीं लिया जाना चाहिए था और उच्च न्यायालय ने दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा 482 के तहत दायर याचिका को खारिज करके गलती की।

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