देश की खबरें | उच्च न्यायालय ने दिल्ली के मंत्री के नामांकन के खिलाफ याचिका पर सुनवाई से इनकार किया

नयी दिल्ली, तीन फरवरी दिल्ली उच्च न्यायालय ने पांच फरवरी को होने वाले विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी (आप) के उम्मीदवार और दिल्ली के मंत्री मुकेश कुमार अहलावत के नामांकन के खिलाफ याचिका पर सुनवाई करने से सोमवार को इनकार कर दिया।

न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद ने कहा कि याचिका विचार योग्य नहीं है। अदालत ने कहा, ‘‘यह याचिका कानूनन कैसे स्वीकार्य है? या तो आप (उनके पिछले) चुनाव को किसी भी आधार पर चुनौती दें...यह स्वीकार्य नहीं है।’’

इसके बाद याचिकाकर्ता ने याचिका वापस ले ली।

सुल्तानपुरी में रहने वाले याचिकाकर्ता ने कहा कि अहलावत ने अधिकारियों से कुछ तथ्य छिपाकर पिछले चुनाव लड़े थे। उन्होंने आरोप लगाया कि 2013 का चुनाव लड़ते समय आप नेता ने निर्वाचन आयोग के समक्ष हलफनामा दाखिल किया था, लेकिन अपने खिलाफ आपराधिक मामलों की जानकारी नहीं दी थी।

याचिका में कहा गया कि आप नेता ने अपनी आय या संपत्ति तथा अपने बच्चों और पत्नियों की संख्या के बारे में भी जानकारी छिपाई, इसलिए याचिका में सुल्तानपुर माजरा के विधायक और दिल्ली सरकार के मंत्री के रूप में अहलावत की पेंशन और अन्य भत्तों पर रोक लगाने के लिए निर्देश दिया जाना चाहिए।

निर्वाचन आयोग के वकील ने याचिका का विरोध करते हुए कहा कि यह समय पूर्व कदम है क्योंकि अभी चुनाव होना बाकी है।

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