हैदराबाद, आठ जनवरी: टीका निर्माता कंपनी भारत बायोटेक (Bharat Biotech) ने घोषणा की है कि वह नाक के रास्ते दिए जाने वाले वाले संभावित कोविड-19 टीके के पहले चरण का परीक्षण फरवरी-मार्च में शुरू करेगी. बता दें कि भारत के औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) ने भारत बायोटेक द्वारा विकसित कोविड-19 टीका कोवैक्सिन को आपात स्थिति में इस्तेमाल की मंजूरी दी है.
कोवैक्सिन (Covaxin) के अलावा भारत बायोटेक एक अन्य टीके को भी विकसित कर रहा है और उसने वाशिंगटन विश्वविद्यालय से सबद्ध सेंट लुइस स्थित स्कूल ऑफ मेडिसिन से ‘ चिम्प-एडनोवायरस’ (चिम्पैंजी एडनोवायरस) के लिए करार किया जो कोविड-19 के खिलाफ नाक के रास्ते दिया जाने वाला एक खुराक वाला टीका होगा.
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टीका निर्माता कंपनी ने ‘पीटीआई-’ को ई-मेल के जरिये दिए जवाब में कहा, ‘‘ बीबीवी154 (नाक के रास्ते दिया जाने वाला कोविड-19 का संभावित टीका) का चिकित्सकीय परीक्षण करने से पहले की जांच -जैसे विषाक्तता, रोग प्रतिरोधक क्षमता और प्रशिक्षण की चुनौतियां- हो चुकी है. ये अध्ययन भारत और अमेरिका में किए गए हैं. पहले चरण के चिकित्सकीय परीक्षण फरवरी-मार्च 2021 में शुरू होंगे.’’













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