जरुरी जानकारी | साल के अंतिम दिन शेयर बाजारों में गिरावट, 2024 में आठ प्रतिशत से अधिक उछले सूचकांक
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मुंबई, 31 दिसंबर विदेशी संस्थागत निवेशकों की निकासी लगातार जारी रहने और वैश्विक बाजारों के कमजोर संकेतों के बीच घरेलू शेयर बाजार वर्ष 2024 के अंतिम कारोबारी दिन मंगलवार को गिरावट के साथ बंद हुए। सेंसेक्स में 109 अंकों की गिरावट रही जबकि निफ्टी लगभग स्थिर रहा।
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक सेंसेक्स उतार-चढ़ाव भरे कारोबार में 109.12 अंक यानी 0.14 प्रतिशत गिरकर 78,139.01 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 687.34 अंक गिरकर 77,560.79 पर आ गया था।
हालांकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का मानक सूचकांक निफ्टी शुरुआती गिरावट से काफी हद तक उबरने में सफल रहा और अंत में 0.10 अंक की मामूली गिरावट के साथ 23,644.80 पर बंद हुआ।
इस तरह घरेलू बाजार में वर्ष 2024 का समापन गिरावट के साथ हुआ। हालांकि इस साल सेंसेक्स कुल 5,898.75 अंक यानी 8.16 प्रतिशत उछला जबकि निफ्टी में 1,913.4 अंक यानी 8.80 प्रतिशत की तेजी रही है।
सेंसेक्स ने इस साल 27 सितंबर को 85,978.25 के अपने रिकॉर्ड शिखर को छुआ था। निफ्टी भी उस दिन 26,277.35 के अपने अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था। हालांकि उसके बाद दोनों ही सूचकांकों में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रहा।
तमाम अनिश्चितताओं के बावजूद इस साल निवेशकों की पूंजी में 77.66 लाख करोड़ रुपये का जोरदार उछाल आया। बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों का सम्मिलित रूप से बाजार पूंजीकरण 4,41,95,106.44 करोड़ रुपये (5.16 लाख करोड़ डॉलर) हो गया।
मंगलवार को कारोबार के दौरान सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से टेक महिंद्रा, जोमैटो, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, इन्फोसिस, आईसीआईसीआई बैंक, बजाज फाइनेंस, हिंदुस्तान यूनिलीवर और एचसीएल टेक्नोलॉजीज में गिरावट रही।
दूसरी तरफ कोटक महिंद्रा बैंक, आईटीसी, अल्ट्राटेक सीमेंट और टाटा मोटर्स के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।
जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, "साल का अंतिम दिन हल्की गिरावट के साथ बंद हुआ। नकारात्मक वैश्विक संकेतों और डॉलर में मजबूती के बीच घरेलू बाजार में तेजी का दौर थमा हुआ है।"
नायर ने कहा, "विदेशी संस्थागत निवेशकों के भारतीय बाजार से निकासी करने और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से रुपये पर दबाव बना हुआ है और कारोबारी धारणा कमजोर हुई है। आने वाले समय में बाजार की नजर तीसरी तिमाही के नतीजों और आगामी बजट पर केंद्रित रहने की उम्मीद है।"
शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने सोमवार को 1,893.16 करोड़ रुपये मूल्य के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की।
हालांकि छोटी कंपनियों के बीएसई स्मालकैप सूचकांक में 0.71 प्रतिशत और मझोली कंपनियों के मिडकैप सूचकांक में 0.13 प्रतिशत की तेजी रही।
मेहता इक्विटीज लिमिटेड में वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) प्रशांत तापसे ने कहा, "वर्ष 2024 बाजारों के लिए चुनौतीपूर्ण होने के बावजूद मुनाफा देने वाला साल रहा है। जनवरी से सितंबर तक निफ्टी लगातार बढ़ते हुए ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया था लेकिन बाद में अपनी कुछ बढ़त गंवा बैठा।"
एशिया के अन्य बाजारों में चीन के शंघाई कंपोजिट में गिरावट रही जबकि हांगकांग का हैंगसेंग बढ़त के साथ बंद हुआ। वहीं जापान और दक्षिण कोरिया के बाजार नए साल की छुट्टियों के कारण बंद रहे।
यूरोप के अधिकांश बाजार तेजी के साथ बंद हुए। अमेरिकी शेयर बाजार सोमवार को गिरावट के साथ बंद हुए थे।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.46 प्रतिशत बढ़कर 74.34 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।
बीएसई सेंसेक्स सोमवार को 450.94 अंक गिरकर 78,248.13 और एनएसई निफ्टी 168.50 अंक नुकसान के साथ 23,644.90 पर बंद हुआ था।
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(The above story first appeared on LatestLY on Dec 31, 2024 06:12 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

