देश की खबरें | ‘सारथी’ संस्थान बंद नहीं होगा, आठ करोड़ रुपये का कोष देने की घोषणा

मुंबई, नौ जुलाई महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने मराठा और कुणबी समुदाय के लिए काम करने वाली गैर लाभकारी सरकारी कंपनी ‘सारथी’ को आठ करोड़ रुपये का कोष देने की बृहस्पतिवार को घोषणा करते हुए कहा कि संस्थान का कामकाज बंद नहीं होगा।

पवार ने संस्थान की स्वायत्तता बनाए रखने का आश्वासन देते हुए कहा कि यह पारदर्शी तरीके से काम करेगा ।

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उपमुख्यमंत्री ने यहां ‘मंत्रालय’ में सांसद संभाजी राजे के नेतृत्व में मराठा समुदाय के प्रतिनिधियों के साथ मुलाकात के बाद यह टिप्पणी की।

महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक और विजय वडेट्टीवार भी बैठक के दौरान मौजूद थे।

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मराठा समुदाय का प्रतिनिधित्व करने वाले कुछ संगठनों ने हाल में आरोप लगाया था कि संस्थान की स्वायत्तता खत्म की जा रही है और काम-काज के लिए इसके पास धन भी नहीं है।

छत्रपति शाहू महाराज शोध प्रशिक्षण एवं मानव विकास संस्थान (सारथी) शोध, नीति पैरोकार, प्रशिक्षण का काम करता है ।

बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए पवार ने कहा, ‘‘सरकार की ओर से मैं बता रहा हूं कि सारथी बंद नहीं होगा । हम संस्थान को आठ करोड़ रुपये का कोष दे रहे हैं। इसकी स्वायत्तता बनी रहेगी।’’

वित्त मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से अनुरोध किया जाएगा और राज्य मंत्रिमंडल सारथी को योजना विभाग के तहत शामिल करेगा।

पवार ने कहा, ‘‘संस्थान के संबंध में हमारा काफी सकारात्मक दृष्टिकोण है।’’

संभाजी राजे ने पवार के बयान का स्वागत किया।

बहरहाल, बैठक की व्यवस्था को लेकर थोड़ा विवाद भी पैदा हो गया। इसमें भाग लेने वाले मराठा समुदाय के कुछ प्रतिनिधियों ने संभाजी राजे को तीसरी कतार में बैठने की जगह मिलने को लेकर आपत्ति जतायी ।

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