देश की खबरें | दरभंगा एम्स के लिए 309.29 करोड़ रुपये मंजूर

पटना, 18 अप्रैल बिहार सरकार दरभंगा एम्स के लिए आवंटित जमीन की भराई एवं विकास पर 309 करोड़ रुपये से अधिक खर्च करेगी।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में दरभंगा एम्स की स्थापना के उद्देश्य से बहादुरपुर अंचल के शोभन-एकमी बाईपास के निकट मौजा बलिया में कुल 189.17 एकड़ जमीन की भराई करके उसे समतल बनाने के लिए 309 करोड़ 29 लाख 59 हजार रुपये खर्च करने की स्वीकृति मिल गई है।

राज्य सरकार की संस्था बिहार चिकित्सा सेवाएं एवं आधारभूत संरचना निगम लिमिटेड, पटना द्वारा उक्त भूमि की भराई, समतलीकरण एवं चहारदीवारी निर्माण के लिए दो दिन पहले (रविवार को) निविदा आमंत्रित की जा चुकी है।

उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जनवरी 2023 में अपनी समाधान यात्रा के दौरान दरभंगा में एम्स के लिए चिह्नित भूमि का निरीक्षण किया था।

मार्च 2023 के पहले सप्ताह में मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में दरभंगा एम्स के लिए शोभन-एकमी बाईपास के निकट भूमि आवंटन को मंजूरी दी गई थी।

मुख्यमंत्री ने विधानसभा में और बाहर भी स्पष्ट कहा है कि दरभंगा एम्स के लिए आवंटित भूमि के विकास के लिए जो कुछ भी करना होगा, राज्य सरकार अपने स्तर से कराएगी।

एम्स के लिए आवंटित भूमि आमस-दरभंगा फोरलेन से सिर्फ पांच किमी दूर है। इससे जाम में फंसे बिना दरभंगा एम्स तक आसानी से पहुंचा जा सकेगा। साथ ही दरभंगा शहर की सीमा पर एम्स का निर्माण होने से शहर को एक नया विस्तार मिलेगा। क्षेत्र में नये आवासीय एवं व्यावसायिक परिसरों का निर्माण होगा और रोजगार के नये-नये अवसर पैदा होंगे।

एम्स का निर्माण अलग भूमि पर होने से दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल के विकास में भी सुविधा होगी और दरभंगा मेडिकल केन्द्र के रूप में विकसित होगा।

विदित हो कि बिहार को जब दूसरा एम्स मिलने की बात हुई थी, तब इसके लिए कई शहरों से मांग उठने लगी थी। लेकिन, दूसरा एम्स कहां बने, इसका फैसला मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को करना था, क्योंकि एम्स के लिए भूमि राज्य सरकार को मुफ्त उपलब्ध करानी थी।

नीतीश ने कहा था कि पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल के बाद बिहार का दूसरा सबसे पुराना मेडिकल कॉलेज अस्पताल दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल है, इसलिए बिहार का दूसरा एम्स भी दरभंगा में ही बनेगा।

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