देश की खबरें | पुडुचेरी के मुख्यमंत्री ने अनशन समाप्त किया, कहा भाजपा के खिलाफ प्रदर्शन जारी रहेंगे
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

पुडुचेरी, दो अक्टूबर हाथरस में कथित सामूहिक बलात्कार पीड़िता के परिवार से मिलने जा रहे कांग्रेस नेताओं राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाद्रा के खिलाफ पुलिस के ‘‘लापरवाही पूर्ण’’ व्यवहार पर नाराजगी दिखाते हुए पुडुचेरी के मुख्यमंत्री वी. नारायणसामी और उनके साथी मंत्रियों ने शुक्रवार को यहां नौ घंटे तक भूख हड़ताल की।

अनशन समाप्त करते हुए नारायणसामी ने कहा कि यह अनशन भारतीय जनता पार्टी के काम करने के ‘‘अलोकतांत्रिक’’ तरीकों के खिलाफ प्रदर्शन का पहला चरण था।

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पुडुचेरी कांग्रेस प्रमुख ए. वी. सुब्रमण्यम ने भूख हड़ताल का नेतृत्व किया। कांग्रेस की युवा और छात्र शाखाओं के प्रतिनिधिमंडलों ने भी पार्टी द्वारा आहूत प्रदर्शन में भाग लिया।

पार्टी सूत्रों ने बताया कि सुबह आठ बजे शुरू हुई भूख हड़ताल शाम पांच बजे समाप्त हुई।

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नारायणसामी ने राहुल, प्रियंका के खिलाफ उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्रवाई की आलोचना की। उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्रवाई प्रदेश के हिटलर राज और जंगल राज को दर्शाती है।’’

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि राहुल के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई ‘‘धृष्टता, अलोकतांत्रिक है और बुनियादी लोकतांत्रिक अधिकारों को रौंदने का स्पष्ट प्रयास’’ है।

गौरतलब है कि राहुल, प्रियंका और उनकी पार्टी के करीब 150 कार्यकर्ताओं को निषेधाज्ञा के कथित उल्लंघन के लिए बृहस्पतिवार को ग्रेटर नोएडा में उस समय कुछ देर के लिए हिरासत में ले लिया गया था, जब वे कथित सामूहिक बलात्कार पीड़िता के परिजनों से मिलने हाथरस जा रहे थे।

गत 14 सितंबर को हाथरस जिले के चंदपा थाना क्षेत्र स्थित एक गांव की रहने वाली 19 वर्षीय दलित लड़की से कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार किया गया था। लड़की को रीढ़ की हड्डी में चोट आने और जीभ कटने की वजह से पहले उसे अलीगढ़ के जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। उसके बाद उसे दिल्ली स्थित सफदरजंग अस्पताल लाया गया था, जहां मंगलवार तड़के उसकी मौत हो गई थी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सेक्युलर डेमोक्रेटिक एलायंस केन्द्र की भाजपा सरकार के काम करने के अलोकतांत्रिक तरीकों के खिलाफ भविष्य में भी विरोध प्रदर्शन जारी रखेगी।

उन्होंने केन्द्र सरकार पर अल्पसंख्यकों, वंचितों, किसानों, मछुआरों और अन्य के साथ अन्याय करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा, ‘‘अभी जो उत्तर प्रदेश में हुआ है (दलितों की असुरक्षा) वह अन्य राज्यों में भी फैलेगा। इसलिए हमें लगातार आंदोलन कर लोकतंत्र को बर्बाद होने से बचाना है।’’

उन्होंने कहा क मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को हाथरस की घटना की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए पद से त्यागपत्र दे देना चाहिए।

नारायणसामी ने कहा कि सामूहिक बलात्कार के कथित मामले की सीबीआई जांच होनी चाहिए।

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