विदेश की खबरें | पोप फ्रांसिस ने यूरोप से यूक्रेन में युद्ध समाप्त करने के लिए एकजुट प्रयास करने का आह्वान किया
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

हंगरी की तीन दिवसीय यात्रा पर आये फ्रांसिस ने यूरोप के भविष्य के लिए अपने दृष्टिकोण को रेखांकित किया। उन्होंने मांग की कि यूरोपीय संघ प्रवासियों के प्रवेश के लिए सुरक्षित और कानूनी तरीकों को मंजूरी दे और हंगरी सरकार लोकलुभावन मांगों के लिए यूरोप को ‘‘बंधक’’ नहीं बनाये।

फ्रांसिस ने कहा, ‘ऐसा लगता है कि हम शांति के उस सामूहिक सपने को चकनाचूर होते देख रहे हैं, क्योंकि अब युद्ध के नायक सत्ता संभाल रहे हैं।’’

उन्होंने कहा कि इस ऐतिहासिक मोड़ पर, यूरोप की भूमिका महत्वपूर्ण है। …उन्होंने कहा कि यूरोप को अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभानी होगी और लोगों को एकजुट करना होगा।

पोप फ्रांसिस ने रूस-यूक्रेन युद्ध के शांतिपूर्ण समाधान का आह्वान किया और यूक्रेनी लोगों के साथ एकजुटता व्यक्त की।

हंगरी के अधिकारियों का कहना है कि फ्रांसिस यात्रा के दौरान देश के कैथोलिक समुदाय के बीच जायेंगे और उनके सदस्यों से मिलेंगे।

उन्होंने कहा कि पोप फ्रांसिस हंगरी की राष्ट्रपति कैटलिन नोवाक और प्रधानमंत्री विक्टर ओर्बन से मिलेंगे।

पोप रविवार को बुडापेस्ट के कैथोलिक विश्वविद्यालय में शैक्षणिक और सांस्कृतिक हस्तियों को संबोधित करेंगे।

अधिकारियों ने बताया कि इस बीच फ्रांसिस उन 35,000 यूक्रेनी शरणार्थियों से भी मिलेंगे।

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