देश की खबरें | सामाजिक भेदभाव पर आरएसएस प्रमुख भागवत के बयान का पवार ने स्वागत किया

नागपुर, आठ अक्टूबर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (रांकांपा) अध्यक्ष शरद पवार ने शनिवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत के उस बयान का स्वागत किया जिसमें उन्होंने कहा कि सामाजिक भेदभाव करने वाली हर चीज को खारिज किया जाना चाहिए। पवार ने कहा कि इस तरह के बयान पर असल में अमल होना चाहिए, इसे केवल दिखावे के लिए नहीं कहा जाना चाहिए।

यहां एक पुस्तक के विमोचन कार्यक्रम में शुक्रवार को भागवत ने कहा था कि ‘वर्ण’ और ‘जाति’ जैसी अवधारणा को पूरी तरह खारिज किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अब जाति प्रथा की कोई प्रासंगिकता नहीं रह गई है।

उन्होंने यह भी कहा कि अपने पूर्वजों द्वारा की गई गलतियों को स्वीकार करने और माफी मांगने में झिझकना नहीं चाहिए।

नागपुर हवाई अड्डा पर संवाददाताओं से बातचीत में पवार ने कहा कि इस तरह के बयानों पर असल व्यवहार में अमल की जरूरत है और इसके केवल दिखावे के लिए नहीं कहा जाना चाहिए।

पवार ने कहा, ‘‘ इस तरह के भेदभाव से समाज का एक बड़ा हिस्सा पीड़ित है। लेकिन यह भी तथ्य है कि जो लोग इस तरह के भेदभाव के लिए जिम्मेदार थे, वे महसूस कर रहे हैं कि इसे खत्म होना चाहिए, यह अच्छी चीज है।’’

राकांपा प्रमुख ने कहा कि केवल माफी मांगने से काम नहीं चलेगा, सब कुछ इस बात पर निर्भर करता है कि हम समाज के इस तबके के साथ असल में कैसा व्यवहार करते हैं।

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