पटना, 22 अगस्त बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ऊर्जा क्षेत्र की 4855.37 करोड़़ रुपये की विभिन्न योजनाओं का शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उद्घाटन व शिलान्यास किया।
इनमें 1341.31 करोड़ रुपये की योजनाओं का उद्घाटन किया गया। इसके अलावा जर्जर तारों को बदलने के लिये 3130.54 करोड़ रुपये योजना और 383.52 करोड़ रुपये की अन्य योजनाओं की शुरुआत की गयी।
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उन्होंने कहा कि आज से पंद्रह साल पहले महज 700 मेगावाट बिजली की आपूर्ति हो रही थी, जो आज बढ़कर 5,932 मेगावाट हो गयी है। उन्होंने कहा कि हर घर तक बिजली पहुंचाने का काम पूरा करने के लिये दिसंबर 2018 की समयसीमा तय की गयी थी, लेकिन इस लक्ष्य को अक्टूबर 2018 में ही प्राप्त कर लिया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बिजली सब्सिडी पर 6,000 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च कर रही है। उन्होंने कहा कि बिहार में प्रीपेड मीटर लगाने का काम शुरु किया गया है। प्रीपेड मीटर लग जाने से कई समस्या का समाधान हो जायेगा। इससे बिजली का दुरुपयोग रुकने के साथ ही बिजली कंपनियों को लाभ होगा।
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नीतीश ने कहा कि किसानों को खेती के लिये बिजली कनेक्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके लिये अब तक दो लाख से ज्यादा आवेदन प्राप्त हुए हैं।
इस कार्यक्रम को उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी के साथ ही ऊर्जा तथा मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन मंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव और ऊर्जा विभाग के सचिव संजीव हंस ने भी संबोधित किया।
अनवर
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