विदेश की खबरें | म्यांमा की अदालत ने सू ची को भ्रष्टाचार के चार और मामलों में दोषी ठहराया
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

सुनवाई बंद कमरे में हुई और सू ची के वकीलों को कार्यवाही के बारे में जानकारी का खुलासा करने से रोक दिया गया।

अदालत ने सोमवार को संबंधित चार अतिरिक्त मामलों में फैसला किया। सू ची पर आरोप लगाया गया था कि उन्होंने सार्वजनिक भूमि को बाजार मूल्य से कम पर किराए पर देने के लिए अपने पद का दुरुपयोग किया तथा परमार्थ उद्देश्यों के लिए मिली दान राशि से एक घर का निर्माण किया।

उन्हें चार मामलों में से प्रत्येक में तीन-तीन साल की सजा मिली, लेकिन इनमें से तीन मामलों में सजा एक साथ चलेगी। इस तरह उन्हें अतिरिक्त छह साल तक जेल में रहना होगा।

सू ची ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया और उनके वकील फैसले के खिलाफ अपील कर सकते हैं।

सेना द्वारा उनकी निर्वाचित सरकार को हटाए जाने और फरवरी 2021 में उन्हें हिरासत में लिए जाने के बाद सू ची को पहले ही राजद्रोह, भ्रष्टाचार और अन्य आरोपों में 11 साल कैद की सजा सुनाई जा चुकी है।

विश्लेषकों का कहना है कि सू ची और उनके सहयोगियों के खिलाफ आरोप सत्ता पर सेना के कब्जे को वैध ठहराने के प्रयास के साथ ही इस बात की भी कोशिश है कि वादे के अनुसार अगले साल सेना जब चुनाव कराए, तो वह उसमें भाग न ले सकें।

सू ची की नेशनल लीग फॉर डेमोक्रेसी पार्टी और उनकी सरकार के अन्य शीर्ष सदस्यों को भी गिरफ्तार कर जेल में डाल दिया गया है तथा अधिकारियों ने कहा है कि वे अगले चुनाव से पहले पार्टी को भंग कर सकते हैं।

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