देश की खबरें | मिजोरम भाजपा ने अराजकता का आरोप लगाते हुए राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की
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आइजोल, 25 फरवरी भाजपा की मिजोरम इकाई ने शुक्रवार को एमएनएफ सरकार पर अराजकता का आरोप लगाते हुए राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की और राज्यपाल हरि बाबू कंभमपति को एक ज्ञापन सौंपा।
एमएनएफ भाजपा के नेतृत्व वाले नॉर्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस (एनईडीए) का सदस्य है, और केंद्र में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) का एक हिस्सा है। हालांकि मिजोरम में दोनों पार्टियां एक साथ काम नहीं करती हैं।
अपने ज्ञापन में, भाजपा ने आरोप लगाया कि राज्य में सुशासन का पूर्ण अभाव है, जिसके परिणामस्वरूप जनता के धन का दुरुपयोग होता है। भाजपा ने आरोप लगाया कि प्रशासन के हर स्तर पर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार है और मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के विभिन्न संदिग्ध व्यापारिक सौदों में शामिल होने का संदेह है।
भाजपा ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री ने नवंबर 2019 में राज्य सरकार को म्यांमार से सूखी सुपारी और उर्वरकों के सीमा पार अवैध व्यापार की जांच करने का निर्देश दिया था।
इसमें कहा गया है, ‘‘इस मद में बड़ी मात्रा में इस तरह के अवैध व्यापार के मौजूद होने के बावजूद और केंद्र के निर्देशों की पूरी तरह से अवहेलना मिजोरम सरकार ने अपनी आंखों के सामने एक अपराध पर मूकदर्शक बनने का विकल्प चुना।’’
पार्टी ने राज्यपाल से राष्ट्रपति शासन लगाने के लिए संविधान के अनुच्छेद 356 को लागू करने का आग्रह किया।
इस मामले में बार-बार कोशिश करने के बावजूद एमएनएफ से टिप्पणी के लिए संपर्क नहीं हो सका।
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(The above story first appeared on LatestLY on Feb 25, 2022 09:22 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

