देश की खबरें | मरवाही विधानसभा सीट उपचुनाव, अमित जोगी और उनकी पत्नी का नामांकन रद्द
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

रायपुर, 17 अक्टूबर छत्तीसगढ़ के प्रतिष्ठित मरवाही विधानसभा के लिए पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के पुत्र अमित जोगी और पुत्रवधु ऋचा जोगी का नामांकन निरस्त कर दिया गया है। राज्य निर्माण के बाद यह पहली बार है जब इस सीट से जोगी परिवार का कोई भी सदस्य चुनाव नहीं लड़ सकेगा।

जोगी ने इस फैसले के बाद कहा कि वह कानूनी लड़ाई लड़ेंगे और अपना सम्मान व अधिकार हासिल करेंगे।

यह भी पढ़े | कोरोना के दिल्ली में आज 3259 नए केस मिले, 35 की मौत: 17 अक्टूबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित मरवाही विधानसभा सीट में हो रहे उपचुनाव के लिए आज नामांकन पत्रों की संवीक्षा की गई। इस दौरान जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के प्रत्याशी अमित जोगी और उनकी पत्नी ऋचा जोगी समेत छह उम्मीदवारों का नामांकन निरस्त कर दिया गया। इस सीट के लिए 19 उम्मीदवारों ने अपना नामांकन दाखिल किया था।

अधिकारियों ने बताया कि अमित जोगी के जाति प्रमाण को निरस्त किए जाने तथा ऋचा जोगी के जाति प्रमाण को निलंबित किए जाने के बाद दोनों उम्मीदवारों के नामांकन को रद्द किया गया है।

यह भी पढ़े | Gyms, Fitness Centres to Reopen in Maharashtra From October 25: महाराष्ट्र में 25 अक्टूबर के बाद खुलेंगे जिम और फिटनेस सेंटर्स, लेकिन इन नियमों का करना होगा पालन.

उन्होंने बताया कि नामांकन को रद्द करने वाले रिटर्निंग अधिकारी ने कहा है कि मरवाही विधानसभा सीट अनसूचित जनजाति के लिए आरक्षित है तथा अमित जोगी और ऋचा जोगी के पास वैध जाति प्रमाण पत्र नहीं है इसलिए उनका नामांकन अस्वीकृत किया जाता है।

राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि बृहस्पतिवार को उच्च स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति ने अमित जोगी के जाति प्रमाण पत्र को निरस्त कर दिया था।

उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष अगस्त माह में उच्च स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति ने पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के कंवर आदिवासी होने के प्रमाण पत्र को खारिज कर दिया था।

इस वर्ष जून माह में भाजपा नेता समीरा पैकरा और अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद के प्रदेश अध्यक्ष संतकुमार नेताम ने अमित जोगी के जाति प्रमाण को लेकर शिकायत की थी तथा प्रमाण पत्र को रद्द करने की मांग की थी। जिसके बाद जिला स्तरीय प्रमाणपत्र सत्यापन समिति ने 17 सितंबर को अपना प्रतिवेदन राज्य स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति को प्रेषित किया था।

प्रतिवेदन में कहा गया था कि अमित जोगी के पिता अजीत जोगी के संबंध में ही उच्च स्तरीय छानबीन समिति विपरीत फैसला दे चुकी है। इसलिए उस फैसले का सीधा असर प्रमाणपत्र धारक अमित जोगी पर पड़ता है और नि:संदेह अमित जोगी कंवर आदिवासी नहीं माने जा सकते हैं।

उन्होंने बताया कि बाद में राज्य स्तरीय प्रमाणीकरण छानबीन समिति ने इस मामले की जांच की और अमित जोगी को वर्ष 2013 में जारी कंवर अनुसूचित जनजाति के जाति प्रमाण पत्र को निरस्त करने का आदेश दिया है।

वहीं बृहस्पतिवार को ही राज्य के मुंगेली जिले में जिला स्तरीय जाति प्रमाण पत्र सत्यापन समिति ने अमित जोगी की पत्नी ऋचा जोगी के जाति प्रमाण को निलंबित कर दिया था।

मरवाही विधासभा सीट से अपना तथा पत्नी का नामांकन रद्द होने के बाद जोगी ने कहा कि वह कानूनी लड़ाई लड़ेंगे तथा अपना सम्मान और अधिकार प्राप्त करेंगे।

जोगी ने कहा, “कल रातों रात उच्च स्तरीय जाति छानबीन समिति ने मेरा जाति प्रमाण पत्र निरस्त कर दिया। इसकी खबर मुझे छोड़ बाक़ी सबको थी। निर्वाचन अधिकारी से मैंने उसे पढ़ने और अपना पक्ष रखने के लिए समय मांगा वह भी नहीं दिया गया। मुख्यमंत्री के आदेशानुसार उन्होंने मेरा नामांकन पत्र रद्द कर दिया है।”

उन्होंने कहा, “सबसे बड़ी जनता की अदालत है। मुझे न्याय वहीं मिलेगा। देश, विधि और संविधान से चलता है, बदलापुर से नहीं।”

अमित जोगी ने कहा कि हम कानून की लड़ाई लड़ेंगे और अपना सम्मान व अधिकार प्राप्त करेंगे। “मुझे न्यायपालिका और जनता की अदालत पर पूरा भरोसा है कि हमेशा की तरह जोगी परिवार के साथ न्याय होगा।”

पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की मृत्यु के बाद से रिक्त मरवाही विधानसभा सीट के लिए तीन नवंबर को मतदान होगा तथा 10 नवंबर को मतों की गिनती की जाएगी।

वर्ष 2000 में नए छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के बाद से मरवाही विधानसभा सीट जोगी के परिवार के पास ही है।

राज्य निर्माण के बाद जब अजीत जोगी राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री बने तब वर्ष 2001 में उपचुनाव में जोगी इसी सीट से विधायक चुने गए थे। इसके बाद वर्ष 2003 और वर्ष 2008 के विधानसभा चुनाव में जोगी को इस सीट से जीत मिली थी। जबकि वर्ष 2013 में हुए विधानसभा चुनाव में उनके पुत्र अमित जोगी इस सीट से विधायक चुने गए थे।

यह पहली बार है जब मरवाही विधानसभा सीट से जोगी परिवार का कोई भी सदस्य चुनाव नहीं लड़ेगा।

संजीव

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)