देश की खबरें | केंद्रीय जांच एजेंसियों के आगे झुक गए नेता : राजद

नयी दिल्ली, दो जुलाई राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने रविवार को दावा किया कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के विधायक महाराष्ट्र की एकनाथ शिंदे नीत सरकार में शामिल हो गए क्योंकि वे केंद्रीय जांच एजेंसियों के दबाव के आगे झुक गए हैं।

पार्टी ने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की राजनीति और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की प्राथमिकता का ‘जीवंत उदाहरण’ है।

महाराष्ट्र में रविवार को एक स्तब्ध करने वाली घटना में राकांपा के अजित पवार ने उप मुख्यमंत्री पद की और उनकी पार्टी के आठ विधायकों ने भी मंत्री पद की शपथ ली।

महाराष्ट्र सरकार में मंत्री के तौर पर शपथ लेने वाले राकांपा नेताओं में छगन भुजबल, दिलीप वल्से पाटिल, हसन मुशरिफ, धनंजय मुंडे, अदिति तटकरे, धर्मराव अत्राम, अनिल पाटिल और संजय बनसोडे शामिल हैं।

घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए राजद सांसद और राष्ट्रीय प्रवक्ता मनोज झा ने कहा, ‘‘ यह स्पष्ट है कि यह व्यक्तियों या पार्टी का फैसला नहीं है बल्कि इसकी पटकथा प्रधानमंत्री और उनकी कोर टीम ने लिखी है।’’

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने भोपाल में संकेत दिया था कि किसी भ्रष्ट व्यक्ति को छोड़ा नहीं जाएगा।

राज्यसभा सदस्य ने आरोप लगाया, ‘‘ तो यह उनका भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर (विधायिका सदस्यों पर) दबाव बनाने का तरीका है।’’

झा ने भाजपा नीत केंद्र सरकार पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो(सीबीआई) और आयकर विभाग (आईटी) का दुरुपयोग कर विपक्षी पार्टियों को लेकर फैसले में बदलाव करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा, ‘‘इन मंत्रियों की सूची को देखें, वे ईडी, आईटी और सीबीआई की जांच के दायरे में हैं। यह प्रधानमंत्री की राजनीति और उनकी पार्टी की प्राथमिकता का जीवंत उदाहरण है।’’

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