कंपनी ने एक बयान में कहा कि बुधवार से शुरू हो रहे इस अध्ययन में यह परखा जायेगा कि कोविड-19 की रोकथाम में एकल खुराक वाले टीके कारगर हैं या नहीं। यह कोविड-19 के किसी भी टीके को लेकर अब तक हुए सभी अध्ययनों की तुलना में बड़ा होगा।
इसके तहत अमेरिका, दक्षिण अफ्रीका, अर्जेंटीना, ब्राजील, चिली, कोलंबिया, मैक्सिको और पेरू में 60 हजार लोगों पर टीके का परीक्षण किया जायेगा।
अमेरिका में मॉडर्ना इंक और फाइजर इंक द्वारा तैयार टीकों समेत कुछ अन्य देशों के कई टीके परीक्षण के अंतिम चरण में हैं। इस बात को लेकर उम्मीदें ठोस हो चुकी हैं कि इस साल के अंत तक या उससे पहले ही कम से कम एक सक्षम टीका सामने आ जायेगा।
नेशनल इंस्टीट्यूट आफ हेल्थ के निदेशक डा. फ्रांसिस कोलिन्स ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम सुरक्षा और प्रभावशीलता को कोई भी समझौता किये बिना टीका पाने के लिये सब कुछ करना चाहते हैं। हम ऐसा नहीं करेंगे। हम चाहते हैं कि ऐसा टीका तैयार हो जिससे जीवन बचाया जा सके।’’
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एपी
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