देश की खबरें | कोविड-19 मरीजों के इलाज के लिये केन्द्र द्वारा मंजूर एंटी वायरल दवा है: न्यायालय
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 16 सितंबर उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को कहा कि केन्द्र सरकार ने कोविड-19 के इलाज के लिये रेम्डेसिविर और फैबिपैरिविर दवाओं को मंजूरी दे रखी है।

शीर्ष अदालत कोविड-19 के इलाज की इन दो दवाओं का कथित रूप से बगैर वैध लाइसेंस के ही उत्पादन और बिक्री करने वाली दस भारतीय दवा कंपनियों के खिलाफ सीबीआई द्वारा प्राथमिकी दर्ज करने के लिये दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थी।

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रेम्डेसिविर और फैबिपैरिविर एंटी वायरल दवायें हैं और कोविड-19 के मरीजों के इलाज में इनकी उपयोगिता को लेकर चिकित्सा विशेषज्ञों में बहस छिड़ी हुयी है।

प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे, न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति वी रामासुब्रमणियन की पीठ ने नयी दवायें और क्लिनिकल ट्रायल नियम, 2018 का उल्लेख करते हुये कहा कि सरकार ने कोरोना वायरस के मरीजों के इलाज के लिये इन दवाओं के इस्तेमाल की अनुमति दी है।

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पीठ ने जनहित याचिका दायर करने वाले अधिवक्ता एम शर्मा से कहा कि आपने इन नियमों पर ध्यान दिये बगैर ही याचिका दायर कर दी। हम इस मामले की सुनवाई स्थगित कर रहे हैं। आप इन नियमों को देखिये और फिर आइये।

पीठ ने इस मामले की सुनवाई दो सप्ताह के लिये स्थगित करते हुये कहा कि रेम्डेसिविर और फैबिपैरिविर को भारत सरकार की मंजूरी प्राप्त है।

शर्मा ने इस मामले में सीबीआई जांच का अनुरोध करते हुये यह जनहित याचिका दायर की थी। इसमें आरोप लगाया गया है कि कोविड-19 के मरीजों के इलाज के लिये केद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन से वैध लाइसेंस के बगैर ही भारत में इन दवाओं का उत्पादन और बिक्री की जा रही है।

याचिका में कहा गया है कि इन दवाओं को कोविड-19 के मरीजों के लिये आज तक किसी भी देश ने प्रमाणित नहीं किया है।

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