Silver Rate Today: गोल्ड के बीच चांदी की कीमतों में भी तेजी जारी, ₹3.15 लाख के पार पहुंचा भाव; जानें दिल्ली-मुंबई समेत प्रमुख शहरों के आज के ताजा रेट
भारत में चांदी की कीमतों में आज 3 मार्च 2026 को मामूली बढ़त दर्ज की गई है. मिडिल ईस्ट के संकट और औद्योगिक मांग के कारण चांदी का भाव 3.15 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के पार पहुंच गया है. जानिए अपने शहर के ताजा दाम
- Read in
- English
Silver Rate Today: भारतीय सराफा बाजार में चांदी की कीमतों में बढ़त का सिलसिला मंगलवार, 3 मार्च 2026 को भी जारी रहा. सोमवार को आई 20,000 रुपये की भारी उछाल के बाद आज चांदी की खुदरा कीमतों में 100 रुपये प्रति किलोग्राम की मामूली वृद्धि दर्ज की गई है. इस बढ़त के साथ देश में चांदी का औसत भाव 3,15,100 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गया है. विशेषज्ञों का मानना है कि मिडिल ईस्ट में बढ़ती अस्थिरता और औद्योगिक मांग में मजबूती के कारण चांदी की कीमतों को समर्थन मिल रहा है.
प्रमुख शहरों में चांदी के ताजा भाव (3 मार्च, 2026)
स्थानीय करों और परिवहन शुल्क के कारण अलग-अलग शहरों में कीमतों में मामूली अंतर देखा जा रहा है. प्रति किलोग्राम चांदी के ताजा रेट इस प्रकार हैं: यह भी पढ़े: Gold Rate Today: सोने की कीमतों में बड़ा उछाल, ₹1,70,000 के पार पहुंचा भाव; जानें दिल्ली, मुंबई चेन्नई समेत बड़े शहरों के आज के ताजा रेट
| शहर | चांदी का भाव (प्रति किलोग्राम) |
| दिल्ली | ₹3,15,100 |
| मुंबई | ₹3,15,100 |
| बेंगलुरु | ₹3,15,100 |
| अहमदाबाद | ₹3,15,100 |
| कोलकाता | ₹3,15,100 |
| चेन्नई | ₹3,14,900 |
| हैदराबाद | ₹3,14,900 |
| केरल | ₹3,14,900 |
बाजार में उतार-चढ़ाव और MCX का प्रदर्शन
चांदी का वर्तमान स्तर फरवरी के मध्य में देखे गए 2.55 लाख रुपये के निचले स्तर से एक बड़ी रिकवरी को दर्शाता है. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर मार्च डिलीवरी के लिए चांदी का वायदा भाव 2,85,000 रुपये के स्तर के आसपास बना हुआ है. बाजार विश्लेषकों का कहना है कि खुदरा कीमतों और MCX वायदा के बीच का यह अंतर भारी भौतिक मांग, आयात शुल्क और 3% जीएसटी (GST) के कारण है.
कीमतें बढ़ने के मुख्य कारण
चांदी की कीमतों में आई इस तेजी के पीछे दो प्रमुख कारक काम कर रहे हैं:
सुरक्षित निवेश (Safe-Haven): अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते संघर्ष, विशेष रूप से ऊर्जा बुनियादी ढांचों पर हमलों के बाद निवेशक शेयर बाजार के बजाय सोना-चांदी जैसे सुरक्षित संपत्तियों में निवेश कर रहे हैं.
औद्योगिक मांग: सौर ऊर्जा (Solar Energy) और इलेक्ट्रिक वाहन (EV) सेक्टर में चांदी का बड़े पैमाने पर उपयोग होता है. इन क्षेत्रों से आ रही निरंतर मांग ने आपूर्ति को कम कर दिया है, जिससे कीमतों में गिरावट नहीं आ रही है.
निवेशकों के लिए आउटलुक
ऐतिहासिक ऊंचाई के करीब कीमतों को देखते हुए बाजार विशेषज्ञों ने निवेशकों को 'चरणबद्ध' (Staggered) तरीके से निवेश करने की सलाह दी है. हालांकि दीर्घकालिक दृष्टिकोण से चांदी में अभी भी तेजी (Bullish) के संकेत हैं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसके 100 डॉलर प्रति औंस तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है, लेकिन वर्तमान स्तर पर मुनाफावसूली (Profit Booking) भी देखी जा सकती है. शादी और त्योहारों के सीजन में सिक्कों या बार की खरीद करने वालों के लिए आज का भाव एक महत्वपूर्ण बेंचमार्क है.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 03, 2026 10:23 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

