खेल की खबरें | खेलरत्न नामांकन से और बेहतर प्रदर्शन की प्रेरणा मिलेगी : रानी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Sports at LatestLY हिन्दी. हॉकी इंडिया द्वारा राजीव गांधी खेलरत्न पुरस्कार नामांकन पाने से भावविभोर महिला हॉकी कप्तान रानी ने बुधवार को कहा कि इससे उसे देश के लिये और बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलेगी ।

बेंगलुरू, तीन जून हॉकी इंडिया द्वारा राजीव गांधी खेलरत्न पुरस्कार नामांकन पाने से भावविभोर महिला हॉकी कप्तान रानी ने बुधवार को कहा कि इससे उसे देश के लिये और बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलेगी ।

हॉकी इंडिया ने खेलरत्न के लिये रानी जबकि अर्जुन पुरस्कार के लिये वंदना कटारिया, मोनिका और हरमनप्रीत सिंह के नाम की अनुशंसा की है ।

यह भी पढ़े | George Floyd Death: 'ब्लैक लाइव्स मैटर' को लेकर दिया बयान, कहा- क्रिकेट भी नस्लवाद से परे नहीं, मैने भी झेला है.

पद्मश्री सम्मान पा चुकी रानी ने हॉकी इंडिया द्वारा जारी एक विज्ञप्ति में कहा ,‘‘ मैं भावविभोर हूं कि हॉकी इंडिया ने सर्वोच्च पुरस्कार के लिये मेरा नाम भेजा । उनके लगातार समर्थन से टीम को और मुझे अच्छे प्रदर्शन में मदद मिली है ।’’

उन्होंने कहा ,‘‘ मैं वंदना और मोनिका को बधाई देती हूं जो अर्जुन पुरस्कार की हकदार है । महिला टीम से दो खिलाड़ियों को नामांकन मिलना इस बात का सबूत है कि टीम सही दिशा में बढ रही है । इससे हमें आगे और अच्छा खेलने की प्रेरणा मिलेगी ।’’

यह भी पढ़े | Happy Parents Day 2020: मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ने माता-पिता के साथ पुरानी तस्वीर शेयर कर लिखा- इस चुनौतीपूर्ण समय में इनका ज्यादा ध्यान रखना हमारी जिम्मेदारी.

देश के सर्वोच्च खेल सम्मान राजीव गांधी खेलरत्न पुरस्कार के लिये एक जनवरी 2016 से 31 दिसंबर 2019 के बीच का प्रदर्शन आधार रहेगा । इस दौरान रानी की कप्तानी में भारत ने 2017 में महिला एशिया कप जीता और 2018 में एशियाई खेलों में रजत पदक हासिल किया । उसने एफआईएच ओलंपिक क्वालीफायर 2019 में भारत के लिये विजयी गोल करके तोक्यो ओलंपिक क्वालीफिकेशन दिलाया था ।

रानी की कप्तानी में भारत एफआईएच रैंकिंग में नौवें स्थान पर पहुंचा ।

विश्व खेल एथलीट का पुरस्कार पाने वाली पहली भारतीय रानी को 2016 में अर्जुन और 2020 में पद्मश्री मिल चुका है ।

रानी ने कहा कि उसके लिये निर्णायक मोड़ टीम का ओलंपिक खेलना था । उन्होंने कहा ,‘‘ मुझे लगता है कि रियो ओलंपिक निर्णायक मोड़ था । हमने अच्छा प्रदर्शन नहीं किया और हमें पता था कि विश्व या एशियाई स्तर पर अच्छा खेलने के लिये काफी मेहनत करनी होगी ।’’

उन्होंने कहा ,‘‘ हम सभी ने सिर्फ एक लक्ष्य बना रखा था कि हमे विजेता टीम बनना है, छिपे रूस्तम नहीं ।’’

रानी ने कोच शोर्ड मारिने को टीम में आत्मविश्वास भरने का श्रेय देते हुए कहा ,‘‘ हमारे पास शानदार सहयोगी स्टाफ है । कोच शोर्ड मारिने हमें हमेशा दिल की बात कहने और साहसी बनने के लिये प्रेरित करते हैं । सहयोगी स्टाफ को काफी श्रेय जाता है ।’’

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\