कोलंबो, 20 फरवरी श्रीलंका के निर्वाचन आयोग ने सोमवार को उच्चतम न्यायालय को सूचित किया कि देश के मौजूदा आर्थिक संकट से जुड़े कई कारणों की वजह से नौ मार्च को होने वाला स्थानीय निकाय चुनाव कराना मुश्किल है।
आयोग के वकीलों ने आवश्यक धनराशि जारी करने में वित्त मंत्रालय द्वारा व्यक्त की गई असमर्थता, मतपत्रों की छपाई के लिए सरकारी मुद्रक द्वारा अग्रिम भुगतान की मांग और चुनाव कार्य के लिए ईंधन कोटा बढ़ाने को लेकर अधिकारियों की अनिच्छा का हवाला देते हुए एक याचिका दायर की।
आयोग ने इसको लेकर भी खेद व्यक्त किया कि वे अदालत द्वारा दिए गए पहले के आश्वासन को पूरा करने में असमर्थ हैं कि चुनाव कराने के लिए सभी व्यवस्थाएं की जाएंगी।
निर्वाचन आयोग का यह कदम विपक्षी दलों द्वारा दायर याचिकाओं के संबंध में था, जिसमें अदालत से चुनाव कराने का आदेश देने का अनुरोध किया गया था।
उन्होंने दावा किया कि चुनाव स्थगित करना जनता के वोट देने के अधिकार का उल्लंघन है और सरकार पर चुनाव हारने की आशंका के चलते चुनाव से डरने का आरोप लगाया।
मौजूदा आर्थिक संकट के कारण 340 स्थानीय परिषदों में चार साल के कार्यकाल के लिए नए प्रशासन की नियुक्ति के लिए चुनाव पिछले साल मार्च से स्थगित हैं। उच्चतम न्यायालय संबंधित याचिका पर सुनवाई 23 फरवरी को करेगा।
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