देश की खबरें | गुना दलित दंपत्ति पिटाई: पुलिसकर्मियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाना चाहिये: जिग्नेश मेवानी
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

गुना, (मप्र) 18 जुलाई दलित नेता और गुजरात के निर्दलीय विधायक जिग्नेश मेवानी ने गुना में एक दलित दंपत्ति की पुलिस द्वारा क्रूरता से की गयी पिटाई की घटना पर कहा कि यह वर्ष 2016 में गुजरात के ऊना में चार दलित युवकों की पिटाई से भी अधिक भयभीत करने वाली घटना है।

मेवानी ने इस घटना में शामिल पुलिस कर्मियों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज करने की मांग की।

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गुना के जगनपुर में मंगलवार को हुई घटना को लेकर शनिवार को मेवानी, मध्य प्रदेश के अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य प्रदीप अहिरवार और प्रदेश कांग्रेस की सचिव किरण अहिरवार ने घटनास्थल का मौका-मुआयना करने के बाद गुना जिला अस्पताल में जाकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की।

मेवानी ने यहां पत्रकार वार्ता में कहा, ‘‘यह घटना बेहद जघन्य है। गुजरात के ऊना में हुई घटना से भी ज्यादा भयभीत करने वाली घटना गुना में हुई है। भाजपा सरकार आते ही दलितों पर अत्याचार बढ़ जाते हैं।’’

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उन्होने कहा कि शिवराज सरकार का रवैया दलित और किसान विरोधी है। घटना के बाद हम यहां आ सकते हैं लेकिन मुख्यमंत्री चौहान अब तक यहां नहीं आये हैं।

दलित नेता ने कहा, ‘‘ पांच साल के बच्चे को तक उठाकर फेंका गया है। इससे ज्यादा अमानवीय रवैया नहीं हो सकता। उनके बच्चों को फेंका गया, इसके बाद भी संबंधितों पर अब तक मामला दर्ज नहीं किया गया है।’’

मेवानी ने कहा, ‘‘जो भी पुलिसकर्मी इसमें शामिल हैं, उनपर आपराधिक प्रकरण दर्ज होने चाहिए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘अगर मामला दर्ज नहीं किया जाता गई तो आगामी उप चुनाव में शिवराज सिंह को बहुत भारी पडेगा। दलित समाज को बाबा साहब की सौगंध देकर भाजपा को वोट न देने की अपील की जाएगी।’’

अहिरवार ने कहा कि इस घटना के बाद दलित समुदाय भयभीत है और पुलिसकर्मियों के इस कृत्य ने पूरे देश में पुलिस को शर्मसार कर दिया।

उन्होंने पीड़ित दलित दंपत्ति को तुरंत मुआवजा देने और आरोपी पुलिसकर्मियों पर मामला दर्ज करने की मांग की।

गौरतलब है कि गुना शहर के जगनपुर क्षेत्र में एक सरकारी मॉडल कॉलेज के निर्माण के लिये निर्धारित सरकारी जमीन के अतिक्रमण से जबरन निकाले गये एक दलित दंपत्ति ने मंगलवार को इस मुहिम के विरोध में कीटनाशक पी लिया। पीड़ित दंपत्ति राजकुमार अहिरवार (38) और सवित्री अहिरवार (35) उपचार के लिये अस्पताल में भर्ती कराये गये है जहां उनकी हालत में सुधार है।

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक कथित वीडियो में दिखाई दे रहा है कि पुलिसकर्मी लाठियों से एक आदमी को कथित तौर पर बेरहमी से पीट रहे हैं और उसकी पत्नी उसे बचाने का प्रयास कर रही हैं। इसमें महिला भी अपने पति के ऊपर लेट जाती है और महिला पुलिसकर्मी उसे मौके से हटाते हुए नजर आ रही हैं।

मुख्यमंत्री ने इस मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस महानिरीक्षक ग्वालियर रेंज, गुना कलेक्टर और गुना के जिला पुलिस अधीक्षका का तबादला कर दिया। इसके साथ ही घटना में शामिल छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।

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