जरुरी जानकारी | सरकार ने कोरोना की दूसरी लहर के दौरान विभागों और मंत्रालयों पर लगाये खर्च प्रतिबंध वापस लिए

वित्त मंत्रालय के आर्थिक मामलों के विभाग द्वारा जारी एक कार्यालय ज्ञापन में कहा गया कि दिशानिर्देशों की समीक्षा के बाद खर्च प्रतिबंधों को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जा रहा है।

ज्ञापन के अनुसार चालू वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर तिमाही में बजट अनुमान (बीई) के 20 प्रतिशत के भीतर कुल खर्च को सीमित करने के संबंध में 30 जून के दिशानिर्देशों की समीक्षा की गई। इसके बाद इन प्रतिबंधों को तत्काल वापस ले लिया गया।

इसके अलावा सभी मंत्रालयों और विभागों को स्वीकृत मासिक खर्च योजना या त्रैमासिक व्यय योजना के आधार पर खर्च करने की अनुमति दे दी गई है। हालांकि, 200 करोड़ रुपये से अधिक के खर्च 21 अगस्त, 2017 को आर्थिक मामलों के विभाग के तहत बजट प्रभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अधीन आएंगे।

वित्त मंत्रालय ने दरअसल जून में कोविड-19 महामारी के बीच विभिन्न मंत्रालयों और विभागों को जुलाई-सितंबर तिमाही में खर्च को अपने वार्षिक बजटीय आवंटन के अधिकतम 20 प्रतिशत तक सीमित रखने के लिए कहा था।

दूसरी तिमाही के लिए खर्च पर लागू ये प्रतिबंध हालांकि, स्वास्थ्य, कृषि, उर्वरक, फार्मास्यूटिकल्स और खाद्य सहित चुनिंदा मंत्रालयों और विभागों के लिए लागू नहीं थे।

जतिन

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)