देश की खबरें | गलवान घाटी झड़प : बंगाल के दो गांवों के लोगों को अपने शहीद सपूतों के दर्शन का इंतजार
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कोलकाता, 18 जून पश्चिम बंगाल के दो गांवों में लोगों के चेहरे पर दु:ख और गुस्सा साफ झलक रहा है, जो लद्दाख की गलवान घाटी में चीन की सेना के साथ हिंसक झड़प में शहीद अपने सपूतों के अंतिम दर्शन के इंतजार में हैं।

सेना के एक प्रवक्ता ने यहां बताया कि हिंसक झड़प में शहीद हुए भारतीय सेना के 20 जवानों में पश्चिम बंगाल के दो जवान भी शामिल हैं जिनके पार्थिव शरीर बृहस्पतिवार शाम तक उनके घर पहुंच सकते हैं।

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अलीपुरद्वार जिले में हवलदार बिपुल रॉय के बिंदीपाड़ा गांव में महिलाएं अपने शहीद सपूत की याद में खाना नहीं पका रही हैं।

शहीद जवान के दोस्तों ने उत्तर बंगाल के इस गांव में उनका पार्थिव शरीर पहुंचने पर ताबूत रखने के लिए एक मंच तैयार किया है।

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सैन्य प्रवक्ता ने बताया कि हवलदार रॉय का पार्थिव शरीर विमान से सिलीगुड़ी के समीप बागडोगरा हवाईअड्डे लाया जाएगा जहां से उसे सड़क मार्ग से अलीपुरद्वार जिले में उनके पैतृक बिंदीपाड़ा गांव ले जाया जाएगा।

सैकड़ों किलोमीटर दूर बीरभूम जिले के बेलगोरिया गांव के सिपाही राजेश ओरंग का पार्थिव शरीर बृहस्पतिवार दोपहर को सेना के एक विमान से पश्चिमी बर्दवान जिले में पानागढ़ हवाईअड्डे पहुंचेगा और फिर उसे सड़क मार्ग से शहीद के घर लाया जाएगा।

आसपास के लोग शहीद जवान के अंतिम दर्शन के लिए जमा हो गए हैं।

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