विदेश की खबरें | ईयू पर यूक्रेनी अनाज पर प्रतिबंधों का विस्तार करने के लिए समय सीमा के भीतर फैसला करने का दबाव
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

यूरोपीय संघ को यह तय करने के लिए शुक्रवार की समय सीमा का सामना करना पड़ा कि क्या आसपास के पांच देशों से यूक्रेनी अनाज पर प्रतिबंध बढ़ाया जाए या नहीं।

पोलैंड, स्लोवाकिया, हंगरी, रोमानिया और बुल्गारिया अब भी अनाज और अन्य यूक्रेनी खाद्य पदार्थों को दुनिया के जरूरतमंद हिस्सों तक पहुंचाने की अनुमति देते हैं।

यूरोपीय संघ के पांच सदस्यों ने कहा है कि यूक्रेन से आने वाला अनाज उनकी सीमाओं के भीतर फंस गया है, जिससे स्थानीय किसानों को कम दाम मिल रहे हैं और उनकी आजीविका को नुकसान पहुंचा है।

इस मुद्दे के कारण यूक्रेन का समर्थन करने के लिए यूरोपीय एकता खतरे में पड़ गई है। पोलैंड और हंगरी के नेताओं ने यूक्रेनी कृषि उत्पादों पर आयात प्रतिबंध को नवीनीकृत करने का आह्वान किया है और चेतावनी दी है कि यदि यूरोपीय संघ कार्रवाई नहीं करता है तो वे इस संबंध में कदम उठायेंगे।

हंगरी के प्रधानमंत्री विक्टर ओर्बन ने शुक्रवार को एक रेडियो साक्षात्कार में कहा, ‘‘फिलहाल, ऐसा लगता है कि ब्रुसेल्स में नौकरशाह इसे आगे नहीं बढ़ाना चाहते।’’

यूरोपीय संघ के प्रवक्ताओं ने निर्णय होने तक इस संबंध में टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि अधिकारी सदस्य देशों के संपर्क में हैं।

एपी

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)