देश की खबरें | दिल्ली की अदालत ने आतंक के मामले में आईएसआईएस के नौ सदस्यों को दोषी ठहराया
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 11 सितंबर दिल्ली की एक अदालत ने शुक्रवार को इस्लामी आतंकी संगठन आईएसआईएस के नौ सदस्यों को भारत में अपना आधार बनाने के लिए आपराधिक षड्यंत्र रचने का दोषी ठहराया। उन्हें देश में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से मुस्लिम युवकों को भर्ती करके साजिश रचने का दोषी ठहराया गया है।

विशेष न्यायाधीश परवीन सिंह ने आरोपियों अबू अनस, नफीस खान, नजमुल हुदा, मोहम्मद अफजल, सुहेल अहमद, ओबेदुल्ला खान, मोहम्मद अलीम, मुफ्ती अब्दुल समी कासमी तथा अमजद खान को दोषी ठहराया जिन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया था।

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उनके वकील कौसर खान ने कहा कि अदालत ने उन्हें आईपीसी की धारा 120बी और गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम तथा विस्फोटक तत्व अधिनियम के अनेक प्रावधानों के तहत दोषी ठहराया है।

न्यायाधीश ने उनकी जुर्म कबूल करने की अर्जी को कबूल कर लिया और मामले में अगली सुनवाई के लिए 22 सितंबर की तारीख तय की जब वह सजा पर दलीलें सुनेंगे।

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अदालत अगली सुनवाई की तारीख पर छह अन्य लोगों की सजा पर भी दलीलें सुनेगी जिन्हें पहले दोषी करार दिया गया था। मुदब्बिर मुश्ताक शेख, मोहम्मद शरीफ मुईनुद्दीन खान, आसिफ अली, मोहम्मद हुसैन खान, सैयद मुजाहिद और मोहम्मद अजहर खान ने अपना अपराध कबूल लिया था।

अदालत ने जेल अधिकारियों को उनके आचरण से संबंधित रिपोर्ट दाखिल करने को कहा तथा बचाव पक्ष के वकील से उनकी पृष्ठभूमि एवं परिवार की हालत के बारे में बताने को कहा।

दोष कबूल करते हुए आरोपियों ने अदालत से कहा कि उन्हें अपने किये पर पछतावा है और वे भविष्य में इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त नहीं रहेंगे।

वकील खान ने अदालत से कहा कि आरोपी समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं और पुनर्वास चाहते हैं।

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