देश की खबरें | अदालत ने तबलीगी मामले में शीघ्र सुनवाई के लिए मलेशियाई नागरिकों की याचिका पर केन्द्र से जवाब मांगा
जियो

नयी दिल्ली, 17 जून दिल्ली उच्च न्यायालय ने तबलीगी जमात मामले में शीघ्र सुनवाई संबंधी मलेशियाई नागरिकों की याचिका पर केन्द्र सरकार, आप सरकार और पुलिस से बुधवार को जवाब मांगा।

कोविड-19 महामारी के लिए सरकारी दिशानिर्देशों और वीजा नियमों के कथित उल्लंघन को लेकर यहां निजामुद्दीन में स्थित मरकज में शामिल होने वाले मलेशिया के 121 नागरिकों के खिलाफ एक मामले में शीघ्र सुनवाई के लिए एक अदालत को नामित करने के अनुरोध वाली याचिका पर अदालत ने केन्द्र, आप सरकार और पुलिस से जवाब मांगा है।

यह भी पढ़े | लद्दाख के गलवान घाटी में भारतीय जवानों पर हमला पूर्व नियोजित, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने चीनी समकक्ष से फोन पर बात कर दर्ज कराया विरोध.

न्यायमूर्ति अनूप जे भंभानी ने दिल्ली सरकार और दिल्ली पुलिस से 125 मलेशियाई नागरिकों की ओर से दायर याचिका पर स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है।

अब तक पुलिस ने 125 मलेशियाई नागरिकों में से 121 के खिलाफ आरोप पत्र दायर किये हैं।

यह भी पढ़े | आंध्र प्रदेश: वेदाद्री गांव में ट्रैक्टर और लॉरी की टक्कर में सात लोगों की मौत : 17 जून 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये सुनवाई करते हुए अदालत ने याचिका में पक्षकारों के रूप में गृह मंत्रालय और विदेश मंत्रालय को भी शामिल किया और उनसे भी जवाब मांगा और मामले की अगली सुनवाई की तिथि एक जुलाई तय की।

याचिकाकर्ता फहरुल नईम बिन मोहम्मद नूर ने कहा कि मलेशियाई नागरिक यहां मलेशियाई उच्चायोग के संरक्षण में हैं और याचिका के जरिये आरोप पत्र पर जल्द से जल्द सुनवाई के लिए एक अदालत को नामित किये जाने के निर्देश देने का अनुरोध कर रहे हैं।

वकील एस हरिहरन द्वारा दायर याचिका में कहा गया है कि आरोप पत्र सक्षम अदालत में दायर किए गए थे और उन्हें 17 जून और 25 जून को आगे की कार्यवाही के लिए सूचीबद्ध किया गया था।

इसमें कहा गया है कि आरोपित विदेशियों को वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से निचली अदालत के समक्ष पेश होने की अनुमति दी जानी चाहिए।

इस बीच सऊदी अरब के 11 नागरिकों ने बुधवार को उच्च न्यायालय का रूख कर संबंधित निचली अदालत को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सुनवाई करने और मामले में दिन प्रतिदिन के आधार पर लगातार सुनवाई करने के निर्देश दिये जाने का अनुरोध किया। सऊदी अरब के इन 11 नागरिकों के नाम भी पुलिस के आरोपपत्र में है।

अब तक मामले में 915 विदेशी नागरिकों के खिलाफ 47 आरोप पत्र दायर किये गये हैं और ये लोग 34 विभिन्न देशों से हैं।

केन्द्र ने इनके वीजा रद्द कर दिये थे और इन्हें काली सूची में डाल दिया था। विदेशी नागरिकों को अब तक गिरफ्तार नहीं किया गया है।

निजामुद्दीन स्थित मरकज के एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले तबलीगी जमात के सदस्यों के बड़ी संख्या में कोरोना वायरस से संक्रमित पाये जाने के बाद देशभर में अप्रैल में कोविड-19 के मामलों में वृद्धि हो गई थी।

निजामुद्दीन में इस धार्मिक कार्यक्रम में विदेशी नागरिकों समेत लगभग 9,000 लोगों ने हिस्सा लिया था। इसके बाद इनमें से कई लोगों ने देश के विभिन्न हिस्सों की यात्रा की थी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)