देश की खबरें | मप्र विधानसभा चुनाव जीतने के बाद कांग्रेस जाति जनगणना करायेगी : खरगे

भोपाल, 22 अगस्त कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मंगलवार को कहा कि राज्य में विधानसभा चुनाव जीतने के बाद कांग्रेस मध्यप्रदेश में जाति जनगणना कराएगी और संत रविदास के नाम पर एक विश्वविद्यालय स्थापित करेगी।

कांग्रेस प्रमुख ने इसके साथ ही केंद्र सरकार पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कुछ लोग संविधान बदलने का प्रयास कर रहे हैं।

खरगे प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र के सागर में एक जनसभा को संबोधित कर रहे थे, भाजपा शासित राज्य में साल के अंत में विधानसभा चुनाव होना है ।

उन्होंने संविधान निर्माता बी आर आंबेडकर को याद करते हुए कहा, ‘‘कुछ लोग संविधान बदलने का प्रयास कर रहे हैं। यह संभव नहीं है, क्योंकि देश के 140 करोड़ लोग संविधान की रक्षा करने के समर्थन में हैं।’’

खरगे ने चुनाव के दौरान संत रविदास को याद करने के लिए सत्तारूढ़ भाजपा की आलोचना की। संत रविदास को अनुसूचित जाति के लोग पूजनीय मानते हैं।

इस महीने की शुरुआत में प्रधानमंत्री मोदी ने 100 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले संत रविदास के स्मारक-सह-मंदिर की आधारशिला रखी थी। वर्ष 2011 की जनगणना के मुताबिक मप्र में दलितों की आबादी 1.13 करोड़ थी।

उन्होंने कहा, ‘‘मोदी जी नौ साल से केंद्र की सत्ता में हैं, जबकि चौहान (मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान) राज्य में पिछले 18 साल से शासन कर रहे हैं, उन्होंने सिर्फ चुनाव के समय रविदास को याद किया।’’

खरगे ने एक खबर का हवाला देते हुए दावा किया कि भाजपा ने दिल्ली में संत रविदास के मंदिर को तोड़ दिया।

उन्होंने कहा कि अगर कांग्रेस मध्यप्रदेश में सत्ता में आती है, तो सागर जिले में संत रविदास के नाम पर एक विश्वविद्यालय स्थापित करेगी। खरगे ने यह भी कहा कि सत्ता में लौटने पर कांग्रेस प्रदेश में जाति आधारित जनगणना कराएगी।

कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना करते हुए उन पर हिंसा प्रभावित मणिपुर के लिए कुछ नहीं करने का आरोप लगाया।

खरगे ने कहा, ‘‘ जिस दिन संसद सत्र सुबह 11 बजे शुरू होना था, उस दिन मोदी ने सुबह 10.30 बजे मणिपुर मुद्दे पर बात की। अन्यथा, राज्य में जारी हिंसा के बावजूद उन्होंने तीन महीने से अधिक समय तक चुप्पी साधे रखी।’’

खरगे ने कहा कि भाजपा सरकार ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी की सिफारिश पर मंजूर किए गए बुंदेलखंड पैकेज को लागू नहीं किया।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल ही में कांग्रेस से लोगों को यह बताने के लिए कहा था कि उसने मप्र में अपने 53 साल के शासन में क्या किया है।

खरगे ने शाह को उत्तर देते हुए भिलाई स्टील प्लांट, इंदौर में आईआईएम और आईआईटी, भोपाल में एम्स और चंबल में घाटी परियोजना सहित कई संस्थानों का उल्लेख किया।

उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी ने गुजरात में 13 साल तक मुख्यमंत्री के रूप में शासन किया और अब नौ साल तक प्रधानमंत्री के रूप में शासन किया, लेकिन उनके अपने राज्य में बच्चों को अब भी पर्याप्त पौष्टिक भोजन नहीं मिल रहा है।

कांग्रेस प्रमुख ने मध्यप्रदेश में सत्तारूढ़ दल पर जनादेश का अपमान करने का आरोप लगाया और कहा कि पिछली बार कांग्रेस जीती थी और कमलनाथ मुख्यमंत्री थे लेकिन भाजपा ने सरकार छीन ली।

खरगे ने आरोप लगाया कि भाजपा लोकतंत्र की बात करती है लेकिन सरकार बनाने के लिए (निर्वाचित प्रतिनिधियों को) खरीदती है और सीबीआई, ईडी तथा अन्य एजेंसियों का दुरुपयोग कर धमकी देती है।

उन्होंने मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार को अवैध करार देते हुए दावा किया कि यह सरकार विधायकों को चुराकर बनाई गई है। इसके बावजूद, वे (भाजपा) दावा करते हैं कि उन्होंने सिद्धांतों पर सरकार बनाई।

उन्होंने कहा कि प्रदेश की तरह कर्नाटक में भी भाजपा ने सरकार बनाई थी।

उन्होंने कहा कि मोदी जी, भाजपा के मुख्यमंत्रियों और नेताओं ने अपनी सरकार बचाने के लिए कर्नाटक के हाल के चुनाव में बड़े पैमाने पर प्रचार किया लेकिन लोगों ने कांग्रेस को वोट दे दिया।

उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि कांग्रेस को गाली दिए बिना मोदी को खाना नहीं पचता।

खरगे ने कहा कि कांग्रेस देश में लोकतंत्र और आजादी लेकर आई।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने लोकतंत्र की रक्षा की है। इसलिए मोदी प्रधानमंत्री हैं, अमित शाह गृह मंत्री और शिवराज सिंह चौहान मुख्यमंत्री हैं।

खरगे ने राहुल गांधी पर भाजपा के कटाक्षों पर आपत्ति जताई और उनकी भारत जोड़ो यात्रा के पैदल मार्च को सफल बताया।

कांग्रेस प्रमुख ने मप्र के मतदाताओं से अपनी पार्टी के वादों को दोहराया जिसमें 500 रुपये में रसोई गैस सिलेंडर, कृषि ऋण माफी, पात्र महिलाओं को 1,500 रुपये का मासिक भुगतान, बिजली बिलों में रियायत और सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना शामिल है।

खरगे ने दो करोड़ नौकरियां, बेरोजगारी, महंगाई और किसानों की आय दोगुनी करने के वादों के लेकर केंद्र और प्रदेश सरकार पर हमला किया।

वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने "सीधी पेशाब" मामले का भी उल्लेख किया और भाजपा से पूछा कि आरोपी किस पार्टी से है। यह मामला सीधी जिले में एक व्यक्ति द्वारा एक आदिवासी युवक पर पेशाब करने का था, जिसके बाद बड़े पैमाने पर आक्रोश फैल गया था।

खरगे की रैली का स्थान सागर, उत्तर-पूर्व मध्यप्रदेश में बुंदेलखंड क्षेत्र का एक हिस्सा है। इसमें अनुसूचित जाति के लिए छह विधानसभा सीट आरक्षित हैं और भाजपा ने 2018 के विधानसभा चुनावों में उनमें से पांच पर जीत हासिल की थी, जिनके नाम बीना, नारयोली, जतारा, चंदला और हट्टा (विधानसभा सीट) हैं, जबकि कांग्रेस गुन्नौर सीट जीतने में कामयाब रही थी।

बुंदेलखंड में सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, दमोह और पन्ना जिले शामिल हैं, जिनमें 26 विधानसभा सीट हैं। पिछले विधानसभा चुनावों में भाजपा ने इनमें से 15 सीट पर जीत हासिल की थी, जबकि कांग्रेस को नौ और सपा तथा बसपा को एक-एक सीट मिली थी।

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