विदेश की खबरें | चीनी कंपनी बायडू ने एआई युक्त चैटबॉट ‘एर्नी बॉट’ को सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराया
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

संयुक्त राज्य अमेरिका से प्रतिद्वंद्विता के लिए बीजिंग कृत्रिम बुद्धिमत्ता को एक प्रमुख उद्योग के रूप में देखता है और 2030 तक इस क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व करने का लक्ष्य रखता है।

अमेरिकी कंपनी ओपेन-एआई की ओर से चर्चित चैटजीपीटी की शुरुआत किये जाने के बाद चीन की प्रौद्योगिकी कंपनियां भी अपने-अपने एआई मॉडल को उद्घाटित करने की दौड़ में कूद पड़ी हैं जिसमें अल्गोरिद्म की मदद से नयी सामग्री तैयार की जा सकती है।

बायडू ने बृहस्पतिवार को कहा कि एर्नी बॉट आधिकारिक वेबसाइट और एक ऐप के माध्यम से आम जनता के लिए पूरी तरह से उपलब्ध है जो अभी तक केवल चीन के ऐप स्टोर में उपलब्ध था।

एर्नी बॉट उपयोगकर्ताओं द्वारा दिए गए प्रश्नों और संकेतों के जवाब में पाठ और छवियां मुहैया कराता है।

मुफ्त में उपलब्ध एर्नी बोट ऐप बृहस्पतिवार अपराह्न तक चीन में एप्पल के आईओएस स्टोर के चार्ट में शीर्ष पर पहुंच गया।

बायडू के सीईओ रॉबिन ली के मुताबिक, मॉडल को सार्वजनिक करके बायडू वास्तविक जगत में बड़े पैमाने पर लोगों की प्रतिक्रिया जानने में समक्ष होगा।

यूरोप की तरह, चीन ने हाल के महीनों में जेनरेटिव एआई उद्योग को विनियमित करने के प्रयास किए हैं। अमेरिका में फिलहाल कोई विनियमन नहीं है।

चीन ने 15 अगस्त को एआई नियम जारी किए थे, जिसमें कंपनियों को अपने उत्पाद को सार्वजनिक रूप से शुरू करने से पहले सुरक्षा समीक्षा और अनुमोदन प्राप्त करने की आवश्यकता होगी।

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