Assembly Elections 2022: सार्वजनिक रैलियों पर प्रतिबंध की समीक्षा को लेकर निर्वाचन आयोग की बैठक आज

निर्वाचन आयोग शनिवार को बैठक कर यह तय करेगा कि उसके द्वारा सार्वजनिक रैलियों और रोड शो पर लगाए गए प्रतिबंध को जारी रखा जाना चाहिए या नहीं.

निर्वाचन आयोग (Photo Credits: PTI)

नयी दिल्ली, 15 जनवरी : निर्वाचन आयोग शनिवार को बैठक कर यह तय करेगा कि उसके द्वारा सार्वजनिक रैलियों और रोड शो पर लगाए गए प्रतिबंध को जारी रखा जाना चाहिए या नहीं. उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा, पंजाब और मणिपुर के लिए मतदान कार्यक्रम की घोषणा करते हुए आठ जनवरी को निर्वाचन आयोग ने कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए 15 जनवरी तक सार्वजनिक रैलियों, रोड शो और इसी तरह के भौतिक प्रचार कार्यक्रमों पर प्रतिबंध लगाकर एक अभूतपूर्व कदम उठाया था. समीक्षा बैठकों से वाकिफ सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव और पांच चुनाव वाले राज्यों के मुख्य सचिवों के साथ सार्वजनिक रैलियों में “किसी भी छूट” पर निर्णय लेने के लिए बैठक करेगा.

आयोग ने आठ जनवरी को चुनाव प्रचार के लिए 16-सूत्री दिशानिर्देशों को भी सूचीबद्ध किया था और उसने सार्वजनिक सड़कों व गोल चक्करों पर ‘नुक्कड़ सभाओं’ पर प्रतिबंध लगा दिया था, जिसमें घर-घर जाकर प्रचार अभियान के लिए लोगों की संख्या को प्रत्याशी समेत पांच तक सीमित कर दिया गया था तथा मतगणना के बाद विजय जुलूसों पर रोक लगा दी थी. यह भी पढ़ें: UP Election 2022: बीजेपी ने 105 सीटों पर किया उम्मीदवारों का ऐलान, CM योगी गोरखपुर और डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य प्रयागराज से लड़ेंगे चुनाव

इसके अलावा शुक्रवार को एक प्रेस विज्ञप्ति में निर्वाचन आयोग ने कहा कि महामारी के जारी दौर व गैर-संपर्क आधारित अभियान की बढ़ी हुई प्रासंगिकता पर विचार करते हुए उसने प्रसार भारती निगम के परामर्श से प्रत्येक राष्ट्रीय पार्टी और पांच राज्यों की मान्यता प्राप्त राज्य पार्टी के लिये प्रसारण समय को दोगुना करने का निर्णय लिया.

Share Now

संबंधित खबरें

Abhijeet Dipke On Gyanesh Kumar: ‘ज्ञानेश कुमार पीएम मोदी के लिए इतने अहम क्यों हैं?’ CJP संस्थापक अभिजीत दिपके ने दिल्ली में सुरक्षा पाबंदियों पर उठाए सवाल (VIDEO)

Voter Deletion Row: चुनाव आयोग और CEC ज्ञानेश कुमार को सुप्रीम कोर्ट का नोटिस; राहुल गांधी व INDIA गठबंधन की SIR याचिका पर जवाब तलब, एक याचिकाकर्ता के आचरण पर CJI ने जताई कड़ी आपत्ति

'प्रदर्शनकारी छात्रों के रास्ते में न आएं, वे भारत की आवाज हैं': राहुल गांधी की पीएम मोदी को चेतावनी; एनएसयूआई कार्यकर्ताओं पर पुलिसिया बर्बरता के लगाए आरोप

Rahul Gandhi on Jantar Mantar Protest: 'जंतर-मंतर भारत की जनता का है, हम इसे वापस लेंगे'; CJP प्रवक्ताओं को तिहाड़ जेल भेजे जाने पर बरसे राहुल गांधी, कहा- 'कायरता'