देश की खबरें | किसानों की फसल बीमा की किस्त का भुगतान आंध्र प्रदेश सरकार करेगी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. खरीफ फसल की बुआई के जोर पकड़ने के बीच आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने शुक्रवार को घोषणा की कि सरकार पीएमएफबीवाई के तहत फसल बीमा के लिए किसानों के हिस्से की बीमे की किस्त का वहन करेगी और उनसे नामात्र की एक रुपये की राशि एकत्रित करेगी।
अमरावती (आंध्रप्रदेश), 26 जून खरीफ फसल की बुआई के जोर पकड़ने के बीच आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने शुक्रवार को घोषणा की कि सरकार पीएमएफबीवाई के तहत फसल बीमा के लिए किसानों के हिस्से की बीमे की किस्त का वहन करेगी और उनसे नामात्र की एक रुपये की राशि एकत्रित करेगी।
रेड्डी ने एक बयान में कहा कि वर्तमान सरकार द्वारा 2018-19 के रबी मौसम के लिए फसल बीमा प्रीमियम के राज्य के हिस्से का 122.61 करोड़ रुपये के भुगतान के बाद, लंबित दावे का 596.36 करोड़ रुपये का भुगतान 5.94 लाख किसानों को जारी का दिया गया है।
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राज्य सरकार केंद्र की महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (पीएमएफबीवाई) लागू कर रही है, जिसके तहत काफी कम प्रीमियम दर पर फसल के लिए बुआई से पहले की अवधि से लेकर कटाई के बाद की अवधि के लिए गैर-रोकथाम योग्य प्राकृतिक जोखिमों के लिए व्यापक फसल बीमा मिलता है।
योजना के तहत एक किसान को खरीफ फसल के लिए दो प्रतिशत प्रीमियम का भुगतान करना होता है, रबी फसल के लिए यह 1.5 प्रतिशत और बागवानी और वाणिज्यिक फसलों के लिए पांच प्रतिशत होता है।
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प्रीमियम की बाकी की राशि केंद्र और संबंधित राज्य सरकारों द्वारा समान रूप से साझा की जाती है।
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘“आम तौर पर कृषि मौसम से एक महीने पहले, प्रीमियम राशि का भुगतान किया जाता है। लेकिन 2018-19 के रबी मौसम के लिए, केंद्र और किसानों दोनों ने ही अपने हिस्से का भुगतान कर दिया था, लेकिन राज्य 122.61 करोड़ रुपये की राशि का भुगतान करने में विफल रहा था जिससे किसानों को उनके दावों का भुगतान नहीं हो सका।
उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकार ने रबी 2018-19 मौसम के लिए बीमा प्रीमियम का भुगतान नहीं किया और कृषि क्षेत्र की उपेक्षा की।
उन्होंने कहा, ‘‘इस तरह की असुविधा से बचने के लिए सरकार ने किसान की ओर से प्रीमियम राशि का भुगतान करने का फैसला किया है और उनसे एक रुपये की नामात्र की राशि ली जाएंगी। ई-क्रॉपिंग हो जाने के बाद, किसानों को प्रीमियम राशि का भुगतान कर दिया जाएगा।’’
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