विदेश की खबरें | ट्रम्प की हत्या के प्रयास के बाद रिपब्लिकन सम्मेलन में गुस्से और चिंता का माहौल
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

आरएनसी की तैयारियां पूरे जोरों पर थीं तभी शनिवार को ट्रंप की प्रचार रैली में गोलीबारी हुई जिसने अमेरिकी राजनीति की नींव हिला दी।

अचानक, बहस के बाद डेमोक्रेट्स की ‘उथल-पुथल’, रिपब्लिकन पार्टी का संभावित शासन एजेंडा और यहां तक ​​कि ट्रंप की आपराधिक दोषसिद्धि राजनीतिक हिंसा और देश की स्थिरता के मुद्दे को लेकर आशंकाओं के आगे गौण हो गईं। संभावित रिपब्लिकन उम्मीदवार ट्रंप और उनके सहयोगी मिलवाउकी में अपने चार दिवसीय सम्मेलन के दौरान जब राष्ट्र का सामना करेंगे तो निर्विवाद रूप से एकजुट और “लड़ने” के लिये तैयार होंगे। पेंसिल्वेनिया की रैली में गोलबारी के बाद जब शनिवार को सीक्रेट सर्विस के एजेंट ट्रंप को लेकर जा रहे थे तो उन्होंने कहा था “लड़ो”।

पार्टी में गुस्सा और चिंता व्याप्त है, जबकि कई शीर्ष रिपब्लिकन शांति और तनाव कम करने का आह्वान कर रहे हैं।

रिपब्लिकन राजनीति के प्रति अपने सकारात्मक और आशावादी दृष्टिकोण के लिए चर्चित दक्षिण कैरोलिना के सीनेटर टिम स्कॉट ने ऑनलाइन माध्यम से कहा कि हत्या के प्रयास को “कट्टरपंथी वामपंथियों और कॉर्पोरेट मीडिया द्वारा बढ़ावा दिया गया था, जो लगातार ट्रंप को लोकतंत्र के लिए खतरा, फासीवादी या इससे भी बदतर बता रहे थे”।

एक और रिपब्लिकन नेता माइक जॉनसन ने रविवार को ‘एनबीसी’ से कहा, “हमें सभी दलों के नेताओं की जरूरत है... दोनों पक्षों की, जो इस पर आवाज उठाएं और ऐसा करें ताकि हम आगे बढ़ सकें और अपने स्वतंत्र समाज को बनाए रख सकें, जिसका सौभाग्य हमें मिला है।”

सम्मेलन के कार्यक्रम में अभी कोई बदलाव किये जाने की खबर नहीं है।

एपी

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)