देश की खबरें | एमनेस्टी ने भारत में गतिविधि रोकने की घोषणा की, लगातार निशाना बनाये जाने का आरोप लगाया
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 29 सितंबर एमनेस्टी इंटरनेशनल ने मंगलवार को कहा कि वह भारत में उसके खातों के फ्रीज होने के कारण अपनी सभी गतिविधियों को रोक रहा है और दावा किया है कि उसको निराधार और प्रेरित आरोपों को लेकर लगातार निशाना बनाया जा रहा है।

एमनेस्टी इंडिया ने एक बयान में कहा कि संगठन को भारत में कर्मचारियों को निकालने और उसके जारी सभी अभियान और अनुसंधान कार्यों को रोकने के लिए मजबूर किया गया है।

यह भी पढ़े | Cheque Payment New Rules: चेक से भुगतान करने के नियमों में RBI ने किए बड़े बदलाव, 1 जनवरी से लागू होंगे नए नियम, जानें इससे जुड़ी हर जानकारी.

उन्होंने कहा, ‘‘भारत सरकार ने एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया के बैंक खातों को पूरी तरह से फ्रीज कर दिया है, जिसके बारे में 10 सितंबर 2020 को पता चला था, इसलिए संगठन द्वारा किए जा रहे सभी कामों को रोक दिया गया है।’’

हालांकि, सरकार ने कहा है कि एमनेस्टी को अवैध रूप से विदेशी धन प्राप्त हो रहा है।

यह भी पढ़े | By-Elections 2020 Date: 11 राज्यों की 56 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीखों का ऐलान, बिहार की एक लोकसभा सीट पर भी होगी वोटिंग.

प्रवर्तन निदेशालय ने 2018 में बैंगलुरू में एमनेस्टी इंटरनेशनल के मुख्यालय की तलाशी की थी।

ये छापे विदेशी मुद्रा अधिनियम के कथित उल्लंघन के लिए किए गए थे।

संगठन ने दावा किया कि एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया और अन्य मुखर मानवाधिकार संगठनों, कार्यकर्ताओं और मानवाधिकार रक्षकों पर हमले केवल विभिन्न "दमनकारी नीतियों और सत्य बोलने वालों पर सरकार द्वारा निरंतर हमले" का विस्तार है।

एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया ने कहा, ‘‘भारत सरकार द्वारा मानवाधिकार संगठनों पर निराधार और प्रेरित आरोपों को लेकर लगातार किए जा रहे हमलों की कड़ी में यह नयी घटना है।’’

संगठन ने कहा कि वह सभी भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय कानूनों का पूर्ण पालन करता आया है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)