विदेश की खबरें | अमेरिका ने इजराइली हमले में आम नागरिकों के मारे जाने की निंदा की, नीति को लेकर कोई बदलाव नहीं
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि इजरायल ने भविष्य में हथियारों को पाने के लिए राष्ट्रपति जो बाइडन की ओर से निर्धारित दायरे को पार नहीं किया है और अमेरिका को ऐसा लगता है कि वह शहर में व्यापक पैमाने में जमीनी आक्रमण नहीं करेगा।

किर्बी ने कहा, ‘‘हम जो भी देख रहे हैं उससे ऐसा लगता है कि वे रफह के आबादी वाले इलाके में कोई बड़ा जमीनी अभियान नहीं चला रहे हैं।’’

उन्होंने रफह में हवाई हमले में हुए जानमाल के नुकसान को ‘दिल दहला देने वाला’ और ‘भयावह’ करार दिया और कहा कि अमेरिका इस हमले के संबंध में इजराइल द्वारा की जा रही जांच के परिणामों को देख रहा है, जिसमें कहा गया है कि हमास के दो लड़ाकों पर सफल हमले के बाद हुए दूसरे धमाके में आम नागरिक मारे गए।

किर्बी ने कहा, ‘‘इस हमले में हमास के दो सरगना मारे गए, जो हमलों के लिए सीधे तौर पर जिम्मेदार हैं। हमने कई बार यह भी कहा है कि इजराइल को आम लोगों की जान बचाने के लिए हर संभव एहतियात बरतना चाहिए।’’

यह पूछे जाने पर कि हमले को देखते हुए अमेरिका की नीतियों में बदलाव आएगा, किर्बी ने कहा ‘‘नीति में बदलाव के बारे में कोई जानकारी नहीं है।’’

इजराइल द्वारा गाजा के रफह शहर पर सोमवार रात और मंगलवार को किए गए हमले में कम से कम 37 लोगों की मौत हो गई है। चश्मदीदों, आपात सेवा कर्मियों और अस्पताल के अधिकारियों ने यह जानकारी दी। यह वह इलाका है जहां कुछ दिन पहले विस्थापित फलस्तीनियों के शिविर में आग लग गई थी।

इजराइली सेना के मुताबिक, रविवार को विस्थापितों के शिविर में आग फलस्तीनी आतंकवादियों के हथियारों से हुए विस्फोटों के कारण लगी होगी।

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